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योर मनीः कैसे पाएं फाइनेंशियल फ्रीडम

प्रकाशित Sat, 16, 2014 पर 12:09  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

क्या आपको चाहिए नई गाड़ी या बड़ा मकान, क्या आप चाहते हैं वक्त से पहले रिटायरमेंट, या फिर कर्ज से पूरी तरह से मुक्ति, जैसे स्वतंत्रता सबको प्यारी होती है, वैसे ही फाइनेंशियल फ्रीडम भी, आपके आज और बेहतर कल के लिए बेहद जरूरी है, तो क्या हैं आर्थिक आजादी के मायने, सिर्फ ज्यादा पैसा जोड़ना या फिर इससे भी ज्यादा, स्वंतत्रता दिवस के मौके पर हम करेंगे फाइनेंशियल फ्रीडम पाने में आपकी मदद, और इसमें हमारा साथ देंगे फाइनेंशियल प्लानर अर्णव पंड्या और वाइजइंवेस्ट एडववाइजर्स के हेमंत रुस्तगी। 


1. पोर्टफोलियो बदलने से आजादी


बार बार पोर्टफोलियो बदलने से मुक्ति के लिए सबसे जरूरी है कि आप सोच-समझकर फंड का चयन करें। अपने पोर्टफोलियो में 4-5 से ज्यादा फंड नहीं रखने चाहिए। एक ही कैटेगरी के फंड रखने से बचना चाहिए और इसमें भी सही एसेट एलोकेशन पर ध्यान देना चाहिए। हर वित्तीय लक्ष्य के लिए अलग स्ट्रैटेजी होनी चाहिए और अपने पोर्टफोलियो की समय समय पर समीक्षा करते रहनी चाहिए।


2. बजट के झंझट से आजादी


इसके लिए सबसे जरूरी है कि आप घरेलू बजट बनाने की आदत डालें और फिजूलखर्ची से बचें। बाजार में मिलने वाली अच्छी डील और डिस्काउंट का पूरा फायदा उठाएं लेकिन हर समय सेल के चक्कर में पैसा व्यर्थ ना बहाएं। हरेक मद के लिए अलग अलग रकम को बांट कर रखें और अपनी बचत को सुलक्षित करें।


3. टैक्स प्लानिंग की आजादी
 
टैक्स बचाने के लिए इश्योरेंस कतई नहीं कराना चाहिए और टैक्स प्लानिंग के लिए वित्तीय साल के खत्म होने का इंतजार नहीं करना चाहिए। टैक्स बचत की जल्दबाजी में कहीं भी निवेश नहीं करना चाहिए और साल की शुरुआत में ही निवेश का विकल्प चुनें। टैक्स प्लानिंग को इन्वेस्टमेंट प्लान का हिस्सा बनाएं और नियमित जांच करते रहें।


4. कर्ज से आजादी


कर्ज से आजाद रहने के लिए जरूरी है कि 6 महीने के खर्च के बराबर इमरजेंसी फंड बनाएं। कार लोन या पर्सनल लोन चुकाने को प्राथमिकता दें। कम रिटर्न वाले इन्वेस्टमेंट का पैसा निकाल कर कर्ज चुकाएं और छोटी जरूरतों के लिए कर्ज ना लें।
 
5. वक्त से पहले रिटायरमेंट


अगर आप वक्त से पहले रिटायर होना चाहते हैं तो ज्यादा से ज्यादा बचत की आदत डालें। कम उम्र से ही इक्विटी म्युचुअल फंड में पैसे लगाएं। आमदनी और उम्र बढ़ने पर निवेश की रकम बढ़ाते रहें। अपने पोर्टफोलियो की जांच करते रहें और बढ़ती महंगाई के हिसाब से इसके लक्ष्य में बदलाव करते रहें।


6. रिटायरमेंट की चिंता से आजादी


हमेशा नौकरी करते समय ही रिटायरमेंट के लिए अलग से निधि बनाएं। कम उम्र से बचत शुरू करें। एसआईपी के जरिए इक्विटी म्यूचुअल फंड में पैसे लगाएं। कम उम्र में ही पर्याप्त हेल्थ, लाइफ कवर लेना चाहिए और पोर्टफोलियो में डेट नहीं इक्विटी पर फोकस रखना चाहिए।


7. बच्चों का सुरक्षित भविष्य कैसे


इसके लिए सबसे जरूरी है कि बच्चों का जन्म होते ही इन्वेस्टमेंट प्लान बनाना चाहिए। नियमित रूप से बच्चों के लिए अलग से पैसे डालते रहें। शादी, पढ़ाई के लिए रकम जोड़ते समय महंगाई का ख्याल रखें। बच्चों की पढ़ाई के लिए जो रकम रखी है उसे किसी और मद में खर्च ना करें।


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