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टैक्स गुरु से जानें कैसे बचेगा टैक्स

प्रकाशित Fri, 11, 2013 पर 12:55  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

टैक्स गुरू सुभाष लखोटिया ने टैक्स बचाने से जुड़ी कई ऐसी बातें बताई जो आपके भी बहुत काम आ सकती हैं।


सवालः बच्चों की ट्यूशन फीस का रीइंबर्समेंट मिलता है। पिछले साल इसके तहत 30,000 रुपये मिले थे। क्या इस पर टैक्स छूट मिल सकती है और किस धारा के तहत छूट मिलेगी?


सुभाष लखोटियाः आप बच्चों की ट्यूशन फीस पर टैक्स छूट ले सकते हैं। आपको आयकर की धारा 80सी के तहत ट्यूशन फीस पर छूट मिलेगी। ये छूट सेक्शन 80सी की 1 लाख रुपये की सीमा के अंतर्गत आएगी। एक बात का ध्यान रखें कि कंपनी से मिले रीइंबर्स्मेंट को आय में जोड़कर दिखाना होगा।


सवालः मैं एक फ्लैट खरीदना चाहता हूं, मैं पिताजी से कितना पैसा ले सकता हूं जिसपर टैक्स नहीं लगे?


सुभाष लखोटियाः आप पिताजी से कर्ज या गिफ्ट के रूप में कितनी भी रकम ले सकते हैं। इस पर आपको या आपके पिताजी को टैक्स नहीं चुकाना होगा। एक बात का ध्यान रखें कि ये रकम अकाउंट पेई चेक या ड्राफ्ट से लेना बेहतर रहेगा जिससे इस बात का सबूत हो कि आपने ये रकम लोन या गिफ्ट के रूप में ली है।


सवालः पुरानी गाड़ी बेची है और अब नई गाड़ी खरीदेंगे। क्या पुरानी गोड़ी से मिले पैसों पर टैक्स देना होगा?


सुभाष लखोटियाः आमतौर पर कोई संपत्ति बेचने पर हुए प्रॉफिट पर टैक्स देना होता है लेकिन आईटी कानून में कछ खास व्यक्तिगत वस्तुएं बेचने पर कैपिटल गेन टैक्स नहीं लगता है। वेतनभोगी व्यक्ति के लिए कार निजी वस्तु है इसलिए इसे बेचने पर टैक्स नहीं लगेगा। इसके पैसे से आप नई गाड़ी खरीदें या नहीं, ये आप पर निर्भर करता है।


सवालः क्या 20,000 रुपये की इंफ्रा बॉन्ड पर टैक्स छूट इस वित्त वर्ष के लिए भी जारी है या नहीं?


सुभाष लखोटिया: वित्त वर्ष 2013 के लिए इंफ्रा बॉन्ड पर निवेश की टैक्स छूट अब जारी नहीं है। इसके तहत 20,000 रुपये के निवेश पर सेक्शन 80सीसीएफ की छूट अब नहीं मिल पाएगी।


सवालः 2005 से 2011 के दौरान कई कंपनियों में नौकरी की। अगर पीएफ अकाउंट से पैसे निकालते हैं तो इस पर टैक्स कैसे लगेगा?


सुभाष लखोटिया: आप नौकरी के 5 साल के बाद पीएफ की रकम निकाल सकते हैं। 5 साल के बाद रकम निकालने पर कोई टैक्स नहीं है। आपकी सभी नौकरियां मिलाकर 5 साल से ज्यादा होने की सूरत में ही आपके पीएफ से पैसा निकालने पर टैक्स नहीं लगेगा।


सवालः पिता के देहांत के बाद नाबालिग बहन को पिता के विभाग से 25,000 रुपये फैमिली पेंशन मिल रही है, क्या इस पर टैक्स देना होगा?


सुभाष लखोटिया: साधारणतः नाबालिग को मिलने वाली आय माता-पिता की आय में जुड़ती है। आपके मामले में ऐसा नहीं है तो नाबालिग बहन को मिलने वाली रकम उसकी आय मानी जाएगी और बहन की आय भाई की आय में नहीं जुड़ेगी। माता-पिता ना होने की सूरत में क्लबिंग ऑफ इनकम नहीं होगा।


सवालः सेक्शन 80सी के अलावा टैक्स बचाने के लिए निवेश के दूसरे विकल्प क्या हो सकते हैं?


सुभाष लखोटिया: आप आयकर की धारा 80सीसीजी के तहत निवेश कर टैक्स छूट ले सकते हैं। इसके तहत राजीव गांधी इक्विटी स्कीम में 50,000 रुपये तक शेयर में निवेश कर सकते हैं। आपको निवेश की आधी रकम पर टैक्स छूट मिलेगी। हालांकि इसके लिए आपने पहले शेयरों में निवेश नहीं किया होना चाहिए।


सवालः पिछले वित्त वर्ष में ज्यादा टैक्स कट गया है, अब रिफंड के लिए क्या करें? साथ ही शेयर ट्रेडिंग पर कैसे टैक्स लगेगा?


सुभाष लखोटिया: आपकी कुल आमदनी टैक्स ब्रेकेट के दायरे में नहीं आती है फिर भी आपका टैक्स कट गया है। कुल आमदनी अगर टैक्स छूट की सीमा से कम है तो भी रिटर्न भरना जरूरी है। तो अब आप रिटर्न भरकर रिफंड ले सकते हैं। साथ ही शेयर से हुए शॉर्ट टर्म कैपिटल गेन पर 15 फीसदी की दर से टैक्स लगेगा। वहीं 1 साल के बाद शेयर बेचने पर कोई टैक्स नहीं लगेगा।


सवालः हाल ही में एचयूएफ बनाया है। एचयूएफ अकाउंट के तहत किस से रकम लें जिससे सेक्शन 64(2) के तहत क्लबिंग के नियम लागू ना हों?


सुभाष लखोटिया: एचयूएफ के सदस्यों के अलावा दूसरे व्यक्ति से साल में 50,000 रुपये तक के गिफ्ट पर क्लबिंग के प्रावधान लागू नहीं होते हैं।


सवालः 4 लाख रुपये की एफडी है जिस पर बैंक टीडीएस काटता है। आय का अन्य कोई स्त्रोत नहीं है। टीडीएस ना कटे इसके लिए क्या करना चाहिए?


सुभाष लखोटिया: एफडी के ब्याज पर टीडीएस ना कटे इसके लिए बैंक में फॉर्म 15जी भरकर जमा करें। ऐसे करदाता जिनकी आय न्यूनतम टैक्स चुकाने की सीमा के भीतर नहीं आती है तो वो इस फॉर्म को भरकर बैंक में दे दें। इसके बाद टैक्स नहीं कटेगा।


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