टीआरसी को लेकर संदेह न करें: वित्त मंत्री

प्रकाशित Fri, 01, 2013 पर 18:19  |  स्रोत : Moneycontrol.com

आम बजट 2013 के ऐलान के 1 दिन बाद सीएनबीसी-टीवी18 की एक्जिक्यूटिव एडिटर शिरिन भान ने वित्त मंत्री पी चिदंबरम के साथ खास बातचीत की।


बातचीत के दौरान वित्त मंत्री पी चिदंबरम ने फिर से साफ किया है कि सेक्शन 90 के प्रावधान में कोई बदलाव नहीं किया गया है। पिछले साल ही फाइनेंस बिल में सब-सेक्शन (4) लाया गया था। टीआरसी को लेकर संदेह करने की जरूरत नहीं है।


पी चिदंबरम ने कहा है कि भारत-मॉरिशस डीटीएए पर चर्चा चल रही है। भारत मॉरिशस से समझौते में बदलाव चाहता है। मॉरिशस के लोगों को फायदा मिले तो कोई हर्ज नहीं है, लेकिन मॉरिशस समझौते के गलत इस्तेमाल की रिपोर्ट मिली है।


पी चिदंबरम ने भरोसा दिलाया है कि वोडाफोन मुद्दा जल्द ही सुलझा लिया जाएगा। वोडाफोन मुद्दा सुलझाने के बाद पिछली तारीख से टैक्स कानून में संशोधन किया जाएगा।


कानून में संशोधन पर पी चिदंबरम ने सफाई देते हुए कहा कि विकासशील देशों को टैक्स से कमाई बढ़ाने की जरूरत होती है। भारत में किसी को निशाना बनाकर काम नहीं किया जा रहा है।


अर्थव्यवस्था पर बात करते हुए पी चिदंबरम ने कहा है कि 6.5 फीसदी से ज्यादा जीडीपी ग्रोथ का अनुमान नहीं लगाया है। देश में सेविंग्स रेशियो 30 फीसदी के आसपास है, जिसकी वजह से अच्छी विकास दर का भरोसा है।


पी चिदंबरम के मुताबिक करंट अकाउंट डेफिसिट बढ़ने की वजह कच्चे तेल, कोयले, खाने के तेल, दालों और सोने का बढ़ता आयात है। हालांकि सोने के अलावा बाकी सभी आयातित सामान देश के विकास के लिए जरूरी है।


सरकार निर्यात को बढ़ावा देने के लिए पूरी मदद करेगी। पी चिदंबरम ने लोगों से बहुत ज्यादा सोना नहीं खरीदने की अपील है। सोने का आयात महंगा करने से आयात में कमी आई है। मौजूदा स्तर पर सोने की तस्करी का डर नहीं है।


पी चिदंबरम ने कहा है कि सरकार फिलहाल हर तरह के फैसले खुलकर लेने की हालत में नहीं है। करदाताओं से एक सीमा से ज्यादा टैक्स नहीं लिया जा सकता है।


पेट्रोलियम कंपनियों को डीजल के दाम धीरे-धीरे बढ़ाने की अनुमति दी गई है। वहीं, 9 से ज्यादा एलपीजी सिलेंडर पर सब्सिडी नहीं दी जाएगी।


पी चिदंबरम के मुताबिक खाद्य और फर्टिलाइजर सब्सिडी खत्म करना मुमकिन नहीं है। डायरेक्ट बेनेफिट ट्रांसफर से ही सब्सिडी की लीकेज खत्म करना संभव होगा।


पी चिदंबरम का कहना है कि फूड सिक्योरिटी बिल पर अभी फैसला नहीं हुआ है। कई राज्य फूड सिक्योरिटी बिल के खिलाफ हैं। जरूरत पड़ने पर फूड सिक्योरिटी के लिए 10000 करोड़ रुपये से ज्यादा दिए जाएंगे।


पी चिदंबरम ने कहा है कि गैर-सरकारी कंपनियों में भी सरकारी हिस्सेदारी बेचने पर भी विचार किया जा रहा है। एसयूयूटीआई की किस कंपनी में हिस्सेदारी बेचनी है, इस पर फैसला लेना होगा।


पी चिदंबरम ने कहा है कि गैर-सरकारी कंपनियों में भी सरकारी हिस्सेदारी बेचने पर भी विचार किया जा रहा है। एसयूयूटीआई की किस कंपनी में हिस्सेदारी बेचनी है, इस पर फैसला लेना होगा।


एसयूयूटीआई को मिलाकर बाकी गैर-सरकारी कंपनियों में सरकार की हिस्सेदारी का वैल्यूएशन 14000 करोड़ रुपये है। सरकारी कंपनियों में विनिवेश से सरकार 40000 करोड़ रुपये जुटाने वाली है। 


पी चिदंबरम ने कहा है कि टेलिकॉम विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक स्पेक्ट्रम नीलामी और टेलिकॉम राजस्व से सरकार को करीब 40000 करोड़ रुपये की आय होने की उम्मीद है।


पी चिदंबरम का कहना है कि पेंशन और इंश्योरेंस बिल को लेकर विपक्ष के नेताओं के साथ 2 बार बैठक हो चुकी है। अगले हफ्ते मुद्दों पर फिर से बैठक होगी। इसके बाद ही बिलों को संसद में पेश किया जाएगा।


पी चिदंबरम के मुताबिक चुनाव अभी 14 महीने दूर हैं। सरकार को स्थिरता और ग्रोथ में पूरा भरोसा है। भारत की रेटिंग डाउनग्रेड घटने का वास्तविक खतरा नहीं है। भारत की स्थिति यूरोजोन से कहीं बेहतर है।


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