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कैसे करें सेविंग अकाउंट के जरिए कमाई

प्रकाशित Fri, 19, 2013 पर 13:32  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

मंदी के माहौल में एक इन्वेस्टर ये नहीं समझ पाता कि वो पैसे लगाए तो कहां। लेकिन बहुत सी ऐसी बातें हैं जिनका खयाल रखकर आप अपनी मेहनत की कमाई को सुरक्षित रख सकते हैं और आपकी बचत पर मिल सकता है बेहतर रिटर्न।

आइए जानते हैं फाइनेंशियल प्लानर अर्नव पंड्या से कि कैसे आपका सेविंग अकाउंट आपको दिला सकता है ज्यादा फायदा और साथ ही जानेंगे इंश्योरेंस जुडे से आपके सवालों के जवाब मायइंश्योरेंस क्लब डॉटकॉम के को-फाउंडर और वाइस प्रेसिडेंट मनोज असवानी से। 
 
सवाल : क्या 2 से ज्यादा सेविंग्स अकाउंट होना जरूरी है? हम कैसे सेविंग अकाउंट के जरिए कमाई कर सकते हैं?       


अर्नव पंड्या : ढेरों बचत खाते नहीं रखने चाहिए, क्योंकि हर खाते में मिनिमम बैलेंस रखना पड़ता है, जिसे आप इस्तेमाल नहीं कर सकते हैं। अगर आपके पास कई खाते हैं तो कुछ बचत खाते बंद करें ताकि बैलेंस के नाम पर आपका ज्यादा पैसा न फंसा रहें। मिनिमम बैलेंस के नाम पर फंसे पैसों को आप कहीं और लगा सकते हैं। कम से कम मिनिमम बैलेंस वाले खाते ही चालू रखना उचित होगा। सरकारी बैंकों के बचत खाते में ज्यादा बैलेंस नहीं रखना पड़ता है। जिन पैसों पर सिर्फ 4 फीसदी ब्याज मिल रहा है, उन्हें आप एफडी में डालकर 9 फीसदी पैसा कमा सकते हैं।


जिन खातों पर ज्यादा ब्याज मिल रहा हो उन्हें ही रखना चाहिए। कुछ बैंक बचत खाते पर 6-7 फीसदी रिटर्न भी दे रहे हैं। सिर्फ ज्यादा ब्याज देखकर खाता न खोलें, दूसरी शर्तें भी देखें। ऊंचे ब्याज के साथ अक्सर मिनिमम बैलेंस भी ज्यादा रखना होता है। बचत खाते पर अक्सर 1 लाख रुपये से ज्यादा बैलेंस होने पर ऊंचा रिटर्न मिलता है।

अलग-अलग बैंकों में मिनिमम बैलेंस तय करने का तरीका भी अलग होता है। सरकारी बैंकों में हमेशा मिनिमम बैलेंस तय सीमा से नीचे नहीं जाता। वहीं प्राइवेट बैंकों में औसत मिनिमम बैलेंस देखा जाता है। अगर आप बचत खाते में लंबे वक्त तक ज्यादा पैसा रखते हैं तो दूसरे विकल्पों पर भी ध्यान देना जरूरी है। आप अपने बचत खाते की कुछ रकम एफडी में ट्रांसफर कर सकते हैं। इसके अलावा लिक्विड फंड भी बचत खाते से बेहतर रिटर्न देते हैं।


बचत खाते में ज्यादा पैसे पड़े हों तो उन्हें स्वीप अकाउंट में डाल सकते हैं। स्वीप अकाउंट की सुविधा लेने पर पैसे अपने आप एफडी में चले जाते हैं और आपका बचत खाते का पैसा एफडी जैसी कमाई कराकर देता है। जरूरत पड़ने पर आप बिना पेनाल्टी स्वीप अकाउंट एफडी से पैसे निकाल भी सकते हैं।


सवाल : मेरे पास टाटा एआईए का यूलिप प्लान है। क्या इस पॉलिसी को बंद करके एलआईसी की कोई पॉलिसी ले सकता हूं?


मनोज असवानी : यूलिप का रिटर्न बाजार पर निर्भर करता है। शेयर बाजार का प्रदर्शन अच्छा होगा तो यूलिप में भी अच्छा रिटर्न मिलेगा। यूलिप में मूल रकम यानि प्रीमियम डूबने का भी डर होता है। टाटा एआईए से पॉलिसी की फंड वैल्यू मालूम करें। फंड वैल्यू दिए गए प्रीमियम से कम है तो पॉलिसी का प्रदर्शन खराब हो सकता है। अगर आपकी फंड वैल्यू प्रीमियम से ज्यादा है तो बने रहें और अपने वित्तीय लक्ष्यों के मुताबिक निवेश का विकल्प तय करें।


सवाल : मेरी उम्र 30 साल हैं, मैं माता पिता के साथ रहता हूं। मेरी सालाना आमदनी 8 लाख रुपये है। मैं अपने लिए टर्म प्लान लेना चाहता हूं। टर्म प्लान के साथ राइडर लेना क्या ठीक रहेगा। अलग से किन कंपनियों से और कौन-कौन से राइडर लेने चाहिए?

मनोज असवानी : आप एक प्योर टर्म प्लान लें, लेकिन उसमें राइडर न जोड़ें। अविवा आई लाइफ, एचडीएफसी क्लिक टू प्रोटेक्ट या एसबीआई लाइफ ई शील्ड जैसे प्लान लिए जा सकते हैं। बाजार में राइडर वाली पॉलिसी भी मौजूद है। राइडर वाला टर्म प्लान चाहिए तो आप एगॉन रेलिगेयर आई टर्म ले सकते हैं। एगॉन रेलिगेयर आई टर्म इस पॉलिसी में आपको इनबिल्ट टर्मिनल इलनेस राइडर मिलेगा। इसके अलावा इस पॉलिसी में आपको अलग से राइडर चुनने के तीन विकल्प भी मिलेंगे।


सवाल :  मेरी उम्र 37 साल है। मैं ऑनलाइन टर्म प्लान खरीदना चाहता हूं। अविवा आई लाइफ प्लान या एगॉन रेलिगेयर टर्म मे से बेहतर कौन सा होगा? क्या ऑनलाइन खरीदने से क्लेम सेटलमेंट में कोई दिक्कत तो नही आएगी? 50 लाख रुपये कवर का प्रीमियम कितना पड़ेगा?

मनोज असवानी : एगॉन रेलिगेयर या अविवा दोनों के ही टर्म प्लान अच्छे हैं। एगॉन रेलिगेयर के टर्म प्लान में इनबिल्ट टर्मिनल इलनेस राइडर मिलेगा। इनबिल्ट टर्मिनल इलनेस राइडर और किसी प्लान में नहीं है। 50 लाख रुपये के टर्म कवर के लिए आपको अविवा आई लाइफ में 6,885 रुपये और एगॉन रेलिगेयर आई टर्म में 6,966 रुपये का प्रीमियम पड़ेगा।



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