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टैक्स गुरु सुलझाएंगे टैक्स से जुड़ी उलझनें

प्रकाशित Sat, 19, 2013 पर 14:42  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

कैपिटल गेन्स से हुई इनकम पर एडवांस टैक्स का पेमेंट कैसे किया जाए, अगर विदेश से छोटे भाई को भेजे जाते हैं पैसे तो क्या उसे देना होगा टैक्स और पहली प्रॉपर्टी बेचकर दूसरी प्रॉपर्टी अगर पत्नी के नाम पर खरीदी जाए तो क्या मिलेगी टैक्स छूट। आपके ऐसे ही टैक्स से जुड़े हर सवालों के जवाब देंगे टैक्स गुरू सुभाष लखोटिया।


सवाल : अगर किसी को कैपिटल गेन्स इनकम पर एडवांस टैक्स पेमेंट करना हो तो ये कैसे किया जाए, क्योंकि साल के अंत में कैपिटल गेन्स कितना होगा, ये एडवांस में तो पता नहीं लगाया जा सकता है?


सुभाष लखोटिया : कैपिटल गेन्स से होने वाली इनकम का पता लगाना साल के बीच में मुमकिन नहीं है। इसलिए कैपिटल गेन्स पर एडवांस टैक्स के नियम जानना जरूरी है। करदाता एडवांस टैक्स की तारीख के बाद होने वाले कैपिटल गेन्स पर टैक्स का भुगतान अगली किस्त में कर सकते हैं। लेकिन वित्त वर्ष खत्म होने के पहले कैपिटल गेन्स पर एडवांस टैक्स का भुगतान करना चाहिए।


सवाल : बड़े भाई विदेश में रहते हैं और छोटे भाई को सालाना 7 से 10 लाख रुपये भेजते हैं, छोटा भाई अभी बेरोजगार है। लेकिन उसे अभी आईटी विभाग से इनकम टैक्स के सिलसिले में एसएमएस आया है। क्या छोटे भाई को मिली रकम पर उसे टैक्स देना होगा?


सुभाष लखोटिया : बड़े भाई से मिली रकम पर कोई इनकम टैक्स नहीं लगेगा। अगर आईटी विभाग से कोई पत्र मिलता है तो बता दें कि ये भाई से मिला गिफ्ट है। 


सवाल : 2 नाबालिग बच्चों के नाम पर पीपीएफ अकाउंट खोलना चाहता हूं। पीपीएफ में निवेश पर कितनी टैक्स छूट मिलेगी?


सुभाष लखोटिया : आप 2 नाबालिग बच्चों के नाम पर पीपीएफ अकाउंट खोल सकते हैं। लेकिन ध्यान रखें कि पीपीएफ में निवेश करने पर 1 लाख रुपये तक की ही छूट मिलती है। आप अपने पीपीएफ अकाउंट में 1 लाख रुपये और बच्चों के अकाउंट में 1-1 लाख रुपये जमा नहीं कर सकते हैं। नियमों के मुताबिक पूरे साल में पीपीएफ अकाउंट में अधिकतम 1 लाख रुपये निवेश कर सकते हैं। पीपीएफ अकाउंट में 1 लाख का निवेश करने पर 80सी के तहत आप टैक्स छूट ले सकते हैं। 


सवाल : जापानी ज्वाइंट वेंचर कंपनी भारत में पैन कार्ड लेना चाहती है ताकि रॉयल्टी पर टीडीएस 10 फीसदी ही कटें। क्या जापानी कंपनी को भारत में इनकम टैक्स रिटर्न भी फाइल करना होगा और यहां जो टीडीएस की रकम काटी जाएगी, उसका टैक्स ट्रीटमेंट क्या होगा?


सुभाष लखोटिया : पैन कार्ड नहीं है तो टीडीएस 20 फीसदी के हिसाब से कटेगा। लेकिन अगर पैन कार्ड बन जाता है तो टीडीएस 10 फीसदी के हिसाब से ही कटेगा।  


सवाल : जिन एनआरआई को लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन्स होता है, उन्हें 20 फीसदी की दर से इनकम टैक्स का भुगतान करना होता है। वैसे एनआरआई के लिए जिनकी आमदनी कम है, उनके लिए ये टैक्स काफी ज्यादा हो जाता है, क्या कोई उपाय है जिससे ये टैक्स बचाया जा सकें?


सुभाष लखोटिया : एनआरआई को लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन्स पर 20 फीसदी इनकम टैक्स देना होता है और कुछ एसेट में निवेश से हुई आय पर 10 फीसदी इनकम टैक्स देना होता है। एनआरआई पर निवेश से हुई आय के लिए सेक्शन 115डी के नियम लागू होते हैं। लेकिन सेक्शन 115आई के मुताबिक एनआरआई के पास इनकम टैक्स स्लैब के हिसाब से टैक्स देने का विकल्प होता है।


सवाल : एचयूएफ अगर घर के किसी भी मेंबर को 50,000 रुपये से ज्यादा का गिफ्ट देता है तो क्या टैक्स की देनदारी बनेगी? 


सुभाष लखोटिया : एचयूएफ को एक सीमा तक गिफ्ट देने की अनुमति है। एचयूएफ 50,000 रुपये  तक कैश गिफ्ट दे सकते हैं और इस उपहार की रकम को रिटर्न में दिखाने की बाध्यता नहीं, लेकिन दिखाना बेहतर होगा। 


सवाल : मेरे दोस्त 80 साल के हैं, उन्होंने 2008 में एक फ्लैट करीब 13 लाख रुपये में खरीदा था जिसे नवंबर 2012 में 26 लाख रुपये में बेच दिया। इसी साल फ्लैट पर 39,000 रुपये का किराया भी मिला और बैंक डिपॉजिट से 1.12 लाख रुपये का ब्याज मिला। अब साल 2012-13 के टैक्स की देनदारी कैसे तय करें?


सुभाष लखोटिया : फ्लैट बेचने पर हुए मुनाफे पर लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन टैक्स लगेगा। लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन निकालने के लिए आप कॉस्ट इंफ्लेशन इंडेक्स का फायदा उठा सकते हैं और उसके लिए आईटी रिटर्न फॉर्म 2 भरना होगा। कैपिटल गेन्स शेड्यूल में फ्लैट खरीद की तारीख, रकम और बिक्री की रकम जरूर डालें।


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