सेविंग बॉन्ड स्कीम में बदलाव, क्या हो रणनीति!

प्रकाशित Sat, 06, 2018 पर 17:19  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

योर मनी में हम हाजिर हैं निवेश, इंश्योरेंस, टैक्स बचत और पोर्टफोलियो प्लानिंग से जुडे आपके तमाम सवालों के जवाब लेकर। सवालों का जवाब दे रहे हैं बजाज कैपिटल के विश्वजीत पराशर


सवाल : 8 फीसदी वाली सेविंग बॉन्ड स्कीम की जगह 7.75 फीसदी की नई सेविंग टैक्सेबल स्कीम आई है। मौजूदा 8 फीसदी वाली स्कीम के निवेशक क्या करें, और नए निवेशक इस स्कीम से कैसे जुड़ सकते हैं? ये नई स्कीम क्या है?


जवाब : विश्वजीत पराशर ने बताया कि नई सेविंग (टैक्सेबल) बॉन्ड स्कीम में निवेश की कोई अधिकतम सीमा नहीं है। एनआरआई इसमें निवेश नहीं कर सकते और इस स्कीम में 7 साल का लॉक इन रखा गया है। नई सेविंग बॉन्ड स्कीम में एकमुश्त या निश्चित अंतराल पर ब्याज मिलने का विकल्प दिया गया है। एकमुश्त विकल्प में बॉन्ड की मैच्योरिटी पर ब्याज मिलेगा, जबकि निश्चित अंतराल विकल्प में 6 महीने पर ब्याज मिलेगा।


विश्वजीत पराशर के मुताबिक बॉन्ड पर कमाए ब्याज पर टैक्स स्लैब के मुताबिक लागू होगा। ये बॉन्ड ट्रांसफर नहीं हो सकते और इन बॉन्ड को गिरवी नहीं रखा जा सकता है। इन बॉन्ड को ट्रेड भी नहीं किया जा सकता। बॉन्ड का सब्सक्रिप्शन तय बैंक शाखाओं और एसएचसीआईएल के जरिए हो सकेगा। इस बॉन्ड में न्यूनतम 1000 रुपये का निवेश कर सकते हैं और ये बॉन्ड डीमैट फॉर्म में दिए जाएंगे।