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योर मनीः जानें मोटी कमाई का आसान फंडा

प्रकाशित Sat, 06, 2017 पर 17:06  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

योर मनी में आज हम देंगे आपके तमाम सवालों के जवाब जोकि इंश्योरेंस, म्युचुअल फंड, लोन या क्रेडिट कार्ड से जुड़े हो सकते हैं और इसमें हमारी मदद करेंगे वाइजइन्वेस्ट एडवाइजर्स के हेमंत रुस्तगी


सवालः मैं बिड़ला सनलाइफ फ्रंटलाइन इक्विटी फंड, एसबीआई ब्लूचिप इक्विटी फंड में 1000-1000 रुपये का निवेश करता हूं। 10-30 साल के लिए 4000 रुपये प्रति माह का निवेश करना है, क्या चुने हुए फंड में निवेश करना सही है? साथ ही 1-2 साल के लिए 3000-5000 रुपये प्रति माह का निवेश करना है, कौन से मिड और स्मॉल कैप फंड में निवेश करना बेहतर होगा?


सलाहः एसआईपी के जरिए निवेश करना बेहतर होगा। एसआईपी निवेश से कंपाउंडिंग का फायदा मिलता है। लंबी अवधि के लक्ष्य के लिए मिडकैप फंड में निवेश करें। 1-2 साल के लिए इक्विटी फंड में निवेश करना सही नहीं होगा। इक्विटी में निवेश के लिए नजरिया लंबा रखें। निवेश पोर्टफोलियो में कम से कम 2 फंड होना जरूरी है। निवेश के लिए बिड़ला सनलाइफ इक्विटी फंड, मोतीलाल ओसवाल मोस्ट फोकस मल्टीकैप 35 फंड देख सकते हैं।


सवालः हाल ही में नई नौकरी लगी है जिसके बाद बैंक अकाउंट भी खोल लिया है, एफएटीसीए के नियमों का निवेश पर क्या असर पड़ेगा?


सलाहः एफएटीसीए यानी फॉरेन अकाउंट टैक्स कंप्लायंस एक्ट। ये टैक्स चोरी पर रोक लगाने का कानून है। वित्तीय संस्थान अमेरिकी नागरिकों की जानकारी आईआरएस को देते हैं। आईआरएस यानी इंटरनल रेवेन्यू सर्विस। काले धन को बाहर निकालने के लिए भारत और अमेरिका के बीच समझौता हुआ है। खाताधारकों को टैक्स रेसिडेंस, टैक्स आइडेंटिफिकेशन नंबर की जानकारी देनी होती है। बैंक, एमएफ, एनपीएस के खाताधारकों को जानकारी देनी है। 1 जुलाई 2014 से 31 अगस्त 2015 के बीच के खाताधारकों को जानकारी देनी है। खाताधारक अभी भी डिक्लेरेशन दे सकते हैं। नेट बैंकिंग करने वाले लोग ऑनलाइन एफएटीसीए आवेदन कर सकते हैं। निवेशकों को चिंता करने की जरूरत नहीं है। एकाउंट ब्लॉक हुए हों तो भी डिक्लेरेशन देने पर वो सामान्य हो जाएंगे।