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तेजी में करें निवेश, जोखिम लेने से होगा फायदा

प्रकाशित Tue, 18, 2017 पर 13:42  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

कोटक महिंद्रा एएमसी के एमडी एंड सीईओ नीलेश शाह ने कमोडिटी गुरु जिम रॉजर्स को एक बार फिर चिट्ठी लिखी है। दरअसल 2015 में जिम रॉजर्स ने बहुत से कारण गिनाते हुए भारतीय बाजार से अपना निवेश निकाल लिया था और तब भी नीलेश शाह ने उन्हें खुला खत लिखा था। लेकिन उसके बाद हालात बदले और अपने हाल ही में दिए गए इंटरव्यू में जिम रॉजर्स ने अपने उस फैसले पर खेद जताया। अब नीलेश शाह ने उन्हें फिर चिट्ठी लिखी है और आइए जानते हैं कि इस चिट्ठी में उन्होंने क्या लिखा है।


हाल ही में जिम रॉजर्स ने अपने इंटरव्यू में कहा कि उनकी गलती थी कि साल 2015 में उन्होंने भारतीय बाजार से अपना निवेश निकाला था जबकि ऐसा करना गलत था। जिम रॉजर्स ने कहा कि इंडियन मार्केट ऑल टाइम हाई पर है इस लिहाज से बाजार में निवेश करना थोड़ा खतरनाक हो सकता है। लेकिन उनके इस विचार पर नीलेश शाह ने सीएनबीसी-आवाज़ के साथ हुई अपनी बातचीत में कहा कि भले ही भारतीय बाजार ऑल टाइम हाई पर हो लेकिन बाजार के वैल्यूएशन अभी भी आर्कषक स्तर पर हैं और अब भी बढ़त की गुजांइश है।


नीलेश शाह ने निवेश मंत्र बताते हुए कहा कि बाजार में जोखिम लेने से फायदा होगा। तेजी के बाजार में भी निवेश से खतरा नहीं है। नुकसान से ना घबराएं। बाजार में जोखिम लेने से फायदा होगा। निवेश करते रहें, फायदे के बारे में ज्यादा ना सोचे। निवेशक को बाजार में बने रहना जरूरी है। सही एसेट एलोकेशन से तेजी में भी मुनाफा होगा। नीलेश शाह की राय है कि मंदी में खरीदें, तेजी में बेचें। लगातार निवेश करते रहें, एसआईपी से बाजार में उतार-चढ़ाव का फायदा उठाएं और हर गिरावट पर पैसा लगाएं।


नीलेश शाह ने कहा कि मोदी सरकार ने ग्रोथ बढ़ाने से जुड़े कई काम किए हैं। मोदी सरकार ने कोयले की समस्या खत्म की है। एलईडी के जरिए बिजली की बचत हो रही है। उनका ये भी मानना है कि आधार कार्ड बड़ा गेम चेंजर साबित होगा। रेलवे को दुरुस्त करने पर सरकार का जोर है। फ्रेट कॉरीडोर से ग्रोथ की रफ्तार बढ़ेगी। लेकिन अभी रोजगार समस्या दूर करना बाकी है। सरकार को एनपीए कम करने और निजी निवेश पर जोर देना होगा। नोटबंदी से बैंकों में पैसा आया है। घर में पड़ा पैसा बैंक खातों में आने से ग्रोथ बढ़ेगी। 5-10 सालों में भारत का कायाकल्प संभव है।