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योर मनीः बिगड़े सिबिल स्कोर को कैसे सुधारें

प्रकाशित Fri, 25, 2016 पर 16:29  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

योर मनी में हम बात करेंगे सिबिल स्कोर पर। अगर आप परेशान है कि आपको सिबिल स्कोर खराब होने के चलते लोन नहीं मिल पा रहा है, चाहे वो होमलोन हो या पर्सनल लोन हो। साथ ही क्रेडिट कार्ड के लिए अप्लाय कर रहे है लेकिन वो भी नहीं मिल पा रहा है तो आइए जानते हैं अपने खराब सिबिल स्कोर को कैसे सुधारें, इसे ठीक होने में कितना समय लग सकता है। इन सभी बारिकियों को जानेंगे ट्रांसयूनियन सिबिल की सीओओ हर्षला चंदोरकर से।


1. क्या होता है सिबिल


सिबिल स्कोर से पिछले कर्ज की जानकारी मिलती है। इसलिए बैंक से कर्ज और क्रेडिट कार्ड लेने के लिए अच्छा सिबिल स्कोर होना जरूरी होता है। नियमित कर्ज चुकाने से क्रेडिट स्कोर अच्छा रहता है। सिबिल स्कोर 300 से 900 अंकों के बीच होता है। अगर स्कोर 750 अंक या उसके का होता है तो ज्यादा पर कर्ज मिलना आसान होता है। जितना अच्छा सिबिल स्कोर होता है, उतनी ही आसानी से कर्ज मिलता है। सिबिल स्कोर 24 महीने की क्रेडिट हिस्ट्री के हिसाब से बनता है।


2. कैसे मंगवाएं सिबिल रिपोर्ट


सिबिल रिपोर्ट मंगवाने के लिए आपको वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन फॉर्म भरना होगा। आप www.cibil.com में जाकर फॉर्म डाउनलोड कर सकते हैं। इसके लिए आपको 550 रुपये का भुगतान करना होगा। इसमें एक बार ऑथेंटिकेशन प्रोसेस होगी और उस प्रोसेस के बाद आप सिबिल स्‍कोर और रिपोर्ट डाउनलोड कर सकते हैं। यह सिबिल स्‍कोर आपके ईमेल पर भी आएगा।


3. कैसे सुधारें सिबिल रिपोर्ट

सिबिल रिपोर्ट सुधारने के लिए आपको समय पर अपने बिलों का भुगतान करते रहना चाहिए। अगर आप लगातार 6 महीने तक वक्त में कर्ज चुकाते है तो सिबिल रिपोर्ट में सुधार देखने को मिल सकता है। आपको अपने क्रेडिट कार्ड की क्रेडिट लिमिट और बकाया रकम को कम रखना चाहिए और क्रेडिट कार्ड से ज्यादा लोन नहीं लेना चाहिए और ना ही बहुत सारे लोन के लिए आवेदन करना चाहिए। होम लोन, ऑटो लोन जैसे सिक्योर्ड लोन को ज्यादा अहमियत देनी चाहिए और अनसिक्योर्ड लोन लेने से बचना चाहिए। आपको अपना क्रेडिट कार्ड अकाउंट बंद करने से बचना चाहिए और लगातार अपने ज्वाइंट अकाउंट खातों की, सिबिल स्कोर की समीक्षा करते रहना चाहिए।


4. कैसे बनता है सिबिल स्कोर


वक्त पर कर्ज चुका रहे हैं या नहीं इस पर 30 फीसदी सिबिल स्कोर बनता है। सिक्योर्ड या अनसिक्योर्ड लोन पर 25 फीसदी, क्रेडिट एक्सपोजर पर 25 फीसदी और कर्ज के इस्तेमाल पर 20 फीसदी सिबिल स्कोर बनता है।       


5. बड़े काम का अच्छा सिबिल स्कोर


अच्छे सिबिल स्कोर से फटाफट कर्ज मिलता है। कई बैंकों में ब्याज दरें सिबिल स्कोर से तय होती है।


6. बैंक की गलती होने पर क्या करें


लोन और अकाउंट से जुड़ी जानकारी बैंक सिबिल को भेजते हैं। बैंकों की तरफ से भी गलती की काफी गुंजाइश होती है। बैंक की गलती होने आप बैंक के नोडल अफसर को लिखित में शिकायत कर सकते हैं। सिबिल की वेबसाइट पर डिस्प्यूट रिक्वेस्ट फॉर्म भरकर अपना पक्ष रख सकते हैं। डिस्प्यूट रिजॉल्यूशन सेल आपके शिकायत पर गौर करेगा। सुनवाई ना होने पर बैंक के लोकपाल www.bankingombudsman.rbi.org.in पर आप शिकायत कर सकते हैं।