Moneycontrol » समाचार » बाज़ार खबरें

काबू में महंगाई, कब होगी दरों में कटौती!

प्रकाशित Thu, 13, 2017 पर 12:36  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

कल आए महंगाई के आंकड़ों ने बड़ी राहत दी है और इसके बाद अब गेंद आरबीआई के पाले में हैं। क्योंकि आरबीआई के पास दरें घटाने का सही मौका है, तो इसी के लिए सीएनबीसी-आवाज़ मुहिम चला रहा है दरें घटाई जाएं और इस पर ज्यादा बात करने के लिए आवाज़ के साथ जुड़ रहे हैं यूको बैंक के एमडी और सीईओ रवि कृष्ण टक्कर


गौरतलब है कि 2 जून 2015 को आरबीआई ने दरों में 0.25 फीसदी की कटौती की थी तब महंगाई दर 5.01 फीसदी के आसपास थी। वहीं 29 सितंबर 2015 को महंगाई दर 3.74 फीसदी के आसपास रहने को दौरान आरबीआई ने दरों में 0.5 फीसदी की कटौती की थी। इसी तरह आरबीआई ने 5 अप्रैल 2016 में भी दरें 0.25 फीसदी घटाई थी, तब महंगाई 4.83 फीसदी पर थी। आरबीआई ने 4 अक्टूबर 2016 को दरें 0.25 फीसदी घटाई थीं तब महंगाई 4.40 फीसदी पर थी।


रवि कृष्ण टक्कर का कहना है कि महंगाई के जो आंकड़े आए हैं वो इसी दिशा में संकेत कर रहे हैं कि आरबीआई अब दरे घटानें का निर्णय ले सकता है। लेकिन एक बात और है कि देश में प्रोडक्शन घटा है। इसकी वजह ये हैं कि देश में अबी नया निवेश नहीं हो रहा है। ऐसे में अगर आरबीआई दरों में कुछ कटौती करेगा तो देश में उत्पादन गतिविधियों को बढ़ाने में कुछ मदद जरूर मिल सकती है। लेकिन निवेश बढ़ाने के लिए ब्याज दरों के अलावा भी काफी कुछ करने की जरूरत है।


इस पर एसबीआई के मुख्य आर्थिक सलाहकार सौम्य कांति घोष का कहना है कि महंगाई के आंकड़ों को देखते हुए 2 अगस्त की अपनी अगली पॉलिसी में आरबीआई दरों में 0.25 फीसदी की कटौती कर सकता है। अगर किसी कारण से आरबीआई अगस्त में रेट कट नहीं करता तो फिर अक्टूबर में हमें दरों में बड़ी कटौती देखने को मिलेगी।


इक्रा की सीनियर इकोनॉमिस्ट अदिति नायर ने कहा कि कल आए महंगाई के आंकड़े उम्मीद से भी कम रहे हैं। उम्मीद है कि अगस्त की पॉलिसी में 0.25 फीसदी की रेट कट देखने को मिल सकता है। लेकिन आगे रेट कट का ये सिलसिला बना रहेगा, ऐसा नहीं लगता।