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टैक्स गुरुः रिटर्न भरने की बढ़ी तारीख, किसे होगा फायदा

प्रकाशित Thu, 26, 2017 पर 14:43  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

टैक्स एक ऐसा शब्द है जिसे सुनते ही आम आदमी ही नहीं जानकार भी घबराने लगते हैं। कारण है कि आयकर कानूनों में इतने सारे पेंच है कि किसी के लिए भी इन्हें समझना टेढ़ी खीर साबित हो सकती है। ऐसे ही मौकों पर टैक्स गुरू अपनी जानकारी और अनुभव का खजाना लेकर आते हैं और करते हैं टैक्स से जुड़ी मुश्किलों को दूर। आज आपके टैक्स से जुड़े मुश्किल सवालों का जवाब देंगे टैक्स एक्सपर्ट प्रीति खुराना।


प्रीति खुराना का कहना है कि ऑडिट होता है तो रिटर्न की आखिरी तारीख 30 सितंबर है। जिसे इस बार 1 महीने आगे बढ़ा दी गई है यानि अब 31 अक्टूबर तक इनकम टैक्स रिर्टन भरना होगा। बिजनेस टर्नओवर 1 करोड़ रुपये से ज्यादा होने पर ही ऑडिट होगा। प्रोफेशनल की टर्नओवर लिमिट 50 लाख रुपये है। ध्यान रहें कि ऑडिट रिपोर्ट के साथ ही रिटर्न फाइल करें।


सवालः पेंशन और दबसरे सोर्सेज से 10 लाख रुपये की कमाई होती है। कृषि से भी आय हो रही है। क्या वो इनकम टैक्स फ्री होगी और क्या फसल के मुआवजे पर टैक्स लगेगा?


प्रीति खुरानाः एग्रीकल्चर इनकम टैक्स फ्री होती है। सेक्शन 2 में एग्रीकल्चर इनकम की परिभाषा दी गई है। मुआवजे पर टैक्स नहीं लगेगा। मुआवजे को इनकम में मत जोडिए।


सवालः नवीन और उनकी पत्नी एक ईएलएसएस म्युचुअल फंड में एसआईपी के जरिए निवेश करते है। पत्नी फस्ट होल्डर हैं और नवीन सेकंड होल्डर हैं, क्या दोनों 50-50 फीसदी टैक्स छूट पा सकते है या नहीं?


प्रीति खुरानाः ईएलएसएस में फस्ट होल्डर को टैक्स में छूट मिलेगी। अपने नाम पर एसआईपी करिए तो छूट मिल सकती है।


सवालः कंपनी खाते में हर महीने कंपनी के काम से खर्च करने के लिए 1 लाख रुपये जमा करती है। क्या इस पर टैक्स लगेगा? कोई कंपनी अकाउंट में 50 हजार रुपये जमा करती है तो पैसे को अपने दोस्त के खाते में ट्रांसफर कर देते है, क्या इस पर टैक्स लगेगा?


प्रीति खुरानाः पैसे का पूरा रिकॉर्ड रखें। खर्च किए पैसे की रसीद होनी चाहिए। सारा पैसा प्रॉफिट एंड लॉस अकाउंट में दर्ज होना चाहिए। अकाउंटिंग रिकॉर्ड होना ही जरुरी है। दोस्त को किए गए ट्रांसफर का रिकॉर्ड भी जरुर रखें।