Moneycontrol » समाचार » बीमा

बीमा पॉलिसी के लिए जरूरी 5 बातें

हम आपको बताने जा रहे हैं कि बीमा से संबंधित 5 अहम जरूरी बातें क्या हो सकती हैं।
अपडेटेड Sep 22, 2011 पर 13:51  |  स्रोत : Moneycontrol.com

moneycontrol.com



बीमा पॉलिसी के चलते व्यक्ति, कारोबारी और संगठनों को संभावित नुकसान से बचने में काफी फायदा होता है। बीमा पॉलिसी में प्रीमियम के जरिए निवेश कर संबंधित लोग नुकसान से बचने की पहल करते हैं। लिहाजा साफ है कि किसी संभावित नुकसान से बचने के लिए ही बीमा पॉलिसी खरीदी जाती है। लेकिन अहम बात ये है कि बीमा को कभी भी निवेश के नजरिए न देखें। आगे हम आपको बताने जा रहे हैं कि बीमा से संबंधित 5 अहम जरूरी बातें क्या हो सकती हैं।



जीवन बीमा



जीवन बीमा एक ऐसा साधन है जिससे आप पर लोग वित्तीय रूप से आश्रित होते हैं। यदि आपकी आकस्मिक मौत हो जाती है. तो आपके माता-पिता, पति-पत्नी, बच्चे या आप पर आश्रित अन्य कोई जीवन बीमा की रकम से अपनी जिंदगी में आगे कदम बढ़ा सकते हैं।



टर्म पॉलिसी, एंडोवमेंट पॉलिसी (ट्रेडिशनल प्लान), जीवन भर के लिए पॉलिसी, मनी बैक पॉलिसी और यूलिप आदि जीवन बीमा के तहत आते हैं।



हेल्थ इंश्योरेंस



आकस्मिक बीमार होने की सूरत में आपके इलाज के खर्च का भार उठाने के लिए हेल्थ इंश्योरेंस बेहद जरूरी है। हेल्थ इंश्योरेंस के लिए मेडिक्लेम पॉलिसी लेना जरूरी होता है। मेडिक्लेम पॉलिसी के तहत अधिकतम 5 लाख रुपये का कवरेज मिलता है। फिलहाल मेडिक्लेम पॉलिसी के तहत फैमिली फ्लोटर और यूनिट लिंक्ड जैसी सुविधाएं जोड़ी गई हैं।



दुर्घटना से होनेवाली विकलांगता पर बीमा



माना जाए तो आज कल की दिनचर्या बेहद तनाव भरी हो गई है। ऐसे में सड़क पर चलते हुए कोई हादसा हो जाए और आप उसका शिकार हो गए हैं। लेकिन पहले से ही इस घटना से निपटने के लिए भी बीमा करवा लेना जरूरी है।



घर के लिए बीमा



आज के युग में हर आदमी के लिए रोटी, कपड़ा और मकान जरूरी चीजें हो गई हैं। वैसे अब घर खरीदना काफी महंगा सौदा हो गया है। साथ ही घर को सजाने और संवारने के लिए ढ़ेरों पैसे लगाने पड़ते हैं। लेकिन किसी अनहोनी के तहत घर में कोई बड़ा नुकसान हो जाए तो सपने चूर हो जाएंगे। ऐसे में अपने सपनों को तार-तार होने से बचाने के लिए घर का बीमा कराना जरूरी है।



ऑटोमोबाइल इंश्योरेंस



भारत में कानूनन गाड़ियों का बीमा कराना जरूरी है। और गाड़ियों के दुर्घटनाग्रस्त की संभावनाएं ज्यादा होती हैं। ऐसे में जोखिम लेने की बजाए सुरक्षा कवच के लिए ऑटोमोबाइल इंश्योरेंस करा लें तो अच्छा होगा।



यह लेख निर्मल बंग से साभार लिया गया है।