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टाट्रा ट्रक सौदे पर गिरी गाज, मामला दर्ज

सीबीआई सिर्फ आर्मी चीफ की चिट्ठी की सिफारिशों के मुताबिक ही नहीं, बल्कि पूरे मामले की जांच करेगी।
अपडेटेड Mar 30, 2012 पर 18:26  |  स्रोत : Hindi.in.com

30 मार्च 2012
आईबीएन-7
नीतीश

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नई दिल्ली।
केंद्रीय जांच ब्योरो (सीबीआई) ने आज टाट्रा ट्रक सौदा दलाली मामले में एफआईआर दर्ज कर ली है। सीबीआई सिर्फ आर्मी चीफ की चिट्ठी की सिफारिशों के मुताबिक ही नहीं, बल्कि पूरे मामले की जांच करेगी।

सूत्रों के मुताबिक टाट्रा ट्रक कंपनी चीफ रवि ऋषि से भी सीबीआई पूछताछ करेगी। उनके कार्यालयों की तलाशी भी सीबीआई ले सकती है। सीबीआई ने टाट्रा चीफ को इस संबंध में नोटिस जारी किया है।

भाजपा नेता शाहनवाज हुसैन ने कहा कि टाट्रा डील में बहुत दिन से दाल में काला चल रहा है।

एक सवाल के जवाब में राजीव शुक्ला ने कहा कि रक्षा मंत्री ने पहले ही कह दिया है कि वे जो कुछ कहेंगे संसद में कहेंगे।

वहीं, भाजपा नेता जसवंत सिंह नें कहा कि प्रधानमंत्री अपना मौन व्रत तोड़ें।

रक्षामंत्री को टाट्रा ट्रक घोटाले की जानकारी थी?

आखिर क्या है विवादों में घिरी टाट्रा डील?

सेनाध्यक्ष जनरल वी. के. सिंह द्वार कथित तौर पर ट्राटा डील में रिश्वत की पेशकश के आरोप के बाद यह जानना जरूरी हो जाता है कि आखिर यह टाट्रा डील है क्या?

आरोप है कि ट्रकों की सप्लाई में एक कंपनी बीईएमएल ने भारी मुनाफा कमाया। एक करोड़ रुपए में खरीदे गए ट्रक पूर्वी यूरोप से आधी कीमत पर खरीदे जा सकते थे।

भारत अर्थ मूवर्स लिमिटेड यानी बीईएमएल सेना को 1986 से ही टाट्रा ट्रकों की सप्लाई करती आ रही है। 2010 में बीईएमएल को 632 करोड़ के अनुमानित खर्चे पर 788 और टाट्रा ट्रक की सप्लाई का ऑर्डर दिया गया। सूत्रों के मुताबिक जनरल वी.के. सिंह ने तीन मुद्दों पर गंभीर आपत्तियां जताई थीं।

पहला टाट्रा ट्रकों को बीईएमएल ने खुद न बनाकर आयात किए थे, दूसरा ट्रकों में ड्राइविंग सीट बाईं ओर थी, जबकि भारत में वाहनों की ड्राइविंग सीट दाईं ओर होती है और तीसरा ट्रकों की सप्लाई में बीईएमएल भारी मुनाफा कमा रही थी।

एक करोड़ रुपए में खरीदे गए यही ट्रक पूर्वी यूरोप से आधी कीमत पर खरीदे जा सकते थे। टाट्रा ने साल 1997 में 7000 हजार गाड़ियां सप्लाई की थीं। 1964 से टाट्रा इंडियन आर्मी को अलग-अलग गाड़ियां सप्लाई करते आ रहा है। इन सभी पहलुओं की सीबीआई जांच करेगी। साथ ही टाट्रा के साथ सौदे की मियाद की भी जांच की जाएगी।