Moneycontrol » समाचार » कंपनी समाचार खबरें

आगे सुधरेगी प्रति यात्री कमाई: अजय सिंह

प्रकाशित Fri, 12, 2018 पर 11:33  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

भारत में हवाई यात्रियों की संख्या में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है। लेकिन इसके बावजूद एविएशन कंपनियां मुश्किल में हैं। दरअसल कमजोर रुपये और महंगे तेल ने पूरे सेक्टर को मुश्किल में डाल रखा है। इस संकट से उबरने के लिए कंपनियों की क्या योजना है इस पर बात की गई स्पाइसजेट के चेयरमैन अजय सिंह से।


अजय सिंह का कहना है कि एविएशन इंडस्ट्री काफी दबाव में है। एयरलाइंस को लागत घटानी होगी और एयरलाइंस को किराया बढ़ाना होगा। एयरलाइंस को किराया 10-15 फीसदी बढ़ाना होगा। सरकार को टैक्स को बोझ कम करना चाहिए। एटीएफ पर दुनिया भर में टैक्स नहीं लगता, ऐसे में सरकार को एटीएफ को जीएसटी के दायरे में लाना चाहिए। कई राज्यों ने एटीएफ पर वैट जरूर घटाया है। वैट कम करने से फायदा ज्यादा है।


अजय सिंह के मुताबिक टैक्स की पारदर्शी व्यवस्था बननी चाहिए। रुपये में गिरावट और क्रूड में तेजी से दबाव बढ़ा है। एडजस्टमेंट के लिए समय नहीं मिला, ऐसे में कंपनी को काफी तकलीफ झेलनी होगी। अजय सिंह का मानना है कि मजबूत एयरलाइंस बाजार में टिकी रहेंगी। उन्होंने कहा कि एविएशन सरकार की बड़ी सक्सेस स्टोरी है और सरकार इस सक्सेस स्टोरी को खोना नहीं चाहेगी। सरकार नीतियों में बदलाव जरूर करेगी।


अजय सिंह के मुताबिक अभी सेक्टर को सुधारना जरूरी है। भारतीय एयरलाइंस सबसे बेहतर बन सकती हैं। सभी एयरलाइंस को समान अवसर मिलना चाहिए। भारत सबसे तेजी से बढ़ता एविएशन मार्केट है और भारत में एविएशन हब बनाने की जरूरत है। अजय सिंह ने नरेश गोयल को सलाह दी है कि नरेश गोयल हिम्मत ना हारें। उन्होंने कहा कि नरेश गोयल ने पहले भी जेट को उबारा है।


अजय सिंह का कहना है कि यील्ड को बढ़ाने पर फोकस है और सभी एयरलाइंस यील्ड बढ़ाने की कोशिश में हैं। जल्द यील्ड में इजाफा देखने को मिलेगा। एंसिलरी रेवेन्यू बढ़ाने की कोशिश करेंगे। कार्गो सर्विस के जरिए रेवेन्यू बढ़ाएंगे। एंसिलरी रेवेन्यू 15 फीसदी के पार जाएगा। अजय सिंह ने बताया कि बोइंग को 205 जहाज का ऑर्डर दिया है। 737 मैक्स में 14 फीसदी कम ईंधन लगता है और 737 मैक्स की इंजीनियरिंग कॉस्ट 30 फीसदी कम है। 737 मैक्स की रेंज 19 फीसदी ज्यादा है और 737 मैक्स से आय में बढ़ोतरी होगी। बोइंग 737 मैक्स ग्रीन प्लेन है।


नए जहाजों की फंडिंग पर अजय सिंह ने कहा कि नए जहाजों की फंडिंग की व्यवस्था है। सेल एंड लीज के तहत जहाज खरीदे हैं और स्पाइसजेट को निवेश नहीं करना होगा। लीज पर देने वाले भुगतान करेंगे। वहीं एयर इंडिया और जेट को खरीदने में दिलचस्पी पर अजय सिंह ने कहा कि अपने कारोबार पर ही फोकस करेंगे। आगे कंसोलिडेशन पर विचार करेंगे।