Moneycontrol » समाचार » कंपनी समाचार खबरें

एनबीएफसी की मदद के लिए आगे आए सरकार: अजय पीरामल

प्रकाशित Tue, 09, 2018 पर 12:42  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

एनबीएफसी को बचाने के लिए सरकार और आरबीआई को आगे आना चाहिए, ये कहना है पीरामल ग्रुप के चेयरमैन अजय पीरामल का। सीएनबीसी-आवाज़ के साथ एक्सक्लूसिव बातचीत में उन्होंने कहा कि सरकार को एनबीएफसी की मदद के लिए तुरंत फंड का इंतजाम करना चाहिए। अजय पीरामल के मुताबिक एनबीएफसी में इक्विटी ज्यादा चाहिए। एनबीएफसी में ज्यादा शॉर्ट टर्म फंडिंग थी। इनमें कम इक्विटी रिटर्न का अंदेशा पहले ही जताया गया था। लोगों ने रिस्क को पूरी तरह नहीं समझा। एनबीएफसी की तरफ से खतरे को नजरअंदाज करते हुए कम दरों पर लोन दिया जा रहा था।


अजय पीरामल का कहना है कि आईएलएंडएफएस को एनबीएफसी कहना गलत है। आईएलएंडएफएस ने इंफ्रा सेक्टर में काफी निवेश किया हुआ है। आईएलएंडएफएस अपने आप में एनबीएफसी सेक्टर नहीं है। अभी बहुत ज्यादा घबराने की जरूरत नहीं है। लिक्विडिटी से ज्यादा भरोसा बढ़ाने की जरूरत है। एनबीएफसी सेक्टर ज्यादा खराब नहीं है। एनबीएफसी सेक्टर को लेकर आज ज्यादा पैनिक हो रहा, इस सेक्टर पर दबाव नहीं डाला जाना चाहिए।


अगर दबाब बढ़ा तो इकोनॉमी पर ज्यादा खतरा होगा। एनबीएफसी को ज्यादा फंड्स मुहैया कराना चाहिए। इसके लिए एलआईसी, नाबार्ड, वित्त मंत्रालय को मिलकर फॉर्मूला निकालना चाहिए। सबको मिलजुलकर एक साथ फॉर्मूला निकालना होगा। कुछ एनबीएफसी कंपनियों पर मर्जर का दबाव है। अगर संकट जल्द समाधान नहीं तो दबाव बढ़ेगा। इसलिए अभी संकट को सुलझाने का उपाय करना चाहिए।


दरें नहीं बढ़ाने के आरबीआई के फैसले पर बात करते हुए अजय पीरामल ने कहा कि आरबीआई ने दरें नहीं बढ़ाकर बोल्ड कदम उठाया है। आज देश की परेशानी बाहरी दिक्कतों से ज्यादा है। क्रूड की कीमतें अंतरराष्ट्रीय बाजार में आसमान पर हैं। तेल की वजह से व्यापार घाटा बढ़ा है, रुपया कमजोर हुआ है। तेल को छोड़कर देश की अर्थव्यवस्था मजबूत है है। आरबीआई ने दरें नहीं बढ़ाकर अच्छा फैसला किया है। लेकिन एनबीएफसी पर आरबीआई के कमेंट से नकारात्मक असर होगा।


रियल एस्टेट पर बात करते हुए अजय पीरामल ने कहा कि रियल एस्टेट से इन्वेस्टर्स कम हुए हैं। घर की जरूरत वाले खरीदार अभी भी हैं। जरूरतमंदों की अभी भी घर में दिलचस्पी है। लग्जरी और महंगे घर के प्रोजेक्ट पर असर पड़ा है लेकिन कम कीमतों वाले प्रोजेक्ट में डिमांड बढ़िया है। अच्छे डेवलपरों के प्रोजेक्ट आज भी बिक रहे हैं। रियय इस्टेट की कीमतें ज्यादा कम होने की गुंजाइश नहीं है। कीमतें ज्यादा बढ़ने के भी चांस नहीं हैं। अब रियल एस्टेट में इन्वेस्टमेंट पर फोकस नहीं है।


आगे बाजार का रुख कैसा रहेगा? इस सवाल पर अजय पीरामल ने कहा कि बाजार को लेकर ज्यादा जानकारी नहीं है। अर्थव्यवस्था की स्थिति अभी मजबूत है। अर्थव्यवस्था में डिमांड अभी बरकरार है। तेल को लेकर ही संकट बना हुआ है। क्रूड की कीमतें बहुत बढ़ गई हैं। एनबीएफसी को लेकर भरोसा बढ़ाने की जरूरत है। भरोसा बढ़ाने पर ग्रोथ स्टोरी टिकी रहेगी।


फार्मा को लेकर आगे क्या एक्शन देखने को मिल सकता है? इसका जवाब देते हुए अजय पीरामल ने कहा कि फार्मा को लेकर कई निवेश प्लान हैं। फार्मा सेक्टर में अधिग्रहण पर कंपनी की नजर है। लेकिन अभी नई डील पर कोई ठोस प्लान नहीं है।