RELIANCE IND Q1: 12273 करोड़ रुपये पर रहा मुनाफा, आय 1.44 लाख करोड़ रुपये रही

मार्केट कैप के लिहाज से देश की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस ने पहली तिमाही के नतीजे घोषित कर दिए हैं
अपडेटेड Jul 25, 2021 पर 08:35  |  स्रोत : Moneycontrol.com

RELIANCE IND Q1: मार्केट कैप के लिहाज से देश की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज ने अपने पहली तिमाही के नतीजे घोषित कर दिए हैं। 30 जून 2021 को खत्म हुए वित्त वर्ष 2021-22 की पहली तिमाही में कंपनी का कंसोलिडेटड मुनाफा तिमाही आधार पर 7.2 फीसदी घटकर 12273 करोड़ रुपये पर रहा है।

बता दें कि पिछली तिमाही में कंपनी का  कंसोलिडेटड मुनाफा 13227 करोड़ रुपये पर रहा था। वहीं वित्त वर्ष 2020-21 की पहली तिमाही में कंपनी का कंसोलिडेटड मुनाफा 13223 करोड़ रुपये रहा था। 


पहली तिमाही में कंपनी के कंसोलिडेटड आय तिमाही आधार पर 6.4 फीसदी की गिरावट के साथ  1.40 लाख करोड़ रुपये रही है जो कि पिछले तिमाही में 1.49 लाख करोड़ रुपये रही थी।

सालाना आधार पर देखें तो कंपनी के  कंसोलिडेटड आय में 58.6 फीसदी की बढ़ोतरी देखने को मिली है। बता दें कि इसके पिछले साल की पहली तिमाही में कंपनी का  कंसोलिडेटड आय 88253 करोड़ रुपये रहा था।


तिमाही दर तिमाही आधार पर कंपनी का कंसोलिडेटड एबिटडा 23351 करोड़ रुपये से बढ़कर 23368 करोड़ रुपये पर आ गया है। वहीं वित्त वर्ष 2020-21 की पहली तिमाही में कंपनी का कंसोलिडेटड एबिटडा 16875 करोड़ रुपये रहा था। तिमाही आधार पर पहली तिमाही में कंपनी का कंसोलिडेटड एबिटडा मार्जिन 15.6 फीसदी से बढ़कर 16.7 फीसदी पर आ गया है जो कि वित्त वर्ष 2020-21 की पहली तिमाही में 19.1 फीसदी था।


पेट्रोकेम कारोबार का प्रदर्शन


वित्त वर्ष 2021-22 की पहली तिमाही में रिलायंस इंडस्ट्रीज के पेट्रोकेमिकल कारोबार की आय तिमाही आधार पर 2.1 फीसदी बढ़कर 1.03 लाख करोड़ रुपये पर रही है जो कि पिछले तिमाही में 1.01 लाख करोड़ रुपये पर रही थी।


इसी तरह कंपनी के पेट्रोकेमिकल कारोबार  EBIT तिमाही आधार पर 13.3 फीसदी की बढ़त के साथ 10,394 करोड़ रुपये पर रही है जो कि पिछली तिमाही में 9,177 करोड़ रुपये रही थी। इसी तरह कंपनी के इस इस सेगमेंट की EBIT Margin पिछली तिमाही के 9.1 फीसदी से  बढ़कर 10.1 फीसदी पर आ गई है।


रिटेल कारोबार का प्रदर्शन


जून तिमाही में कंपनी के रिटेल कारोबार की आय सालाना आधार पर 21.9 फीसदी बढ़कर 38,563 करोड रुपये पर रही है जो कि इसके पिछले साल के पहली तिमाही में 31,633 करोड़ रुपये रही थी।


कंपनी के पहली तिमाही में कंपनी के रिटेल कारोबार की EBITDA पिछले साल के पहली तिमाही के 1,088 करोड़ रुपये से बढ़कर 1,953  करोड़ रुपये पर आ गई है। वहीं इस सेगमेंट की EBITDA Margin सालाना आधार पर 3.4 फीसदी से बढ़कर 5.1 फीसदी पर आ गई है।


जियो प्लेटफॉर्म का प्रदर्शन


30 जून 2021 को खत्म हुई पहली तिमाही में जियो का स्टैंडअलोन मुनाफा 3,501 करोड़ रुपये पर रहा है जबकि CNBC-TV18 के पोल में इसके 3,250 करोड़ रुपये पर रहने का अनुमान किया गया था।


इसी अवधि में रिलायंस जियो की आय 17,994 करोड़ रुपये रही है जिसके 17,600 करोड़ रुपये पर रहने का अनुमान किया गया था।


30 जून को समाप्त पहली तिमाही में रिलायंस का EBITDA 8,617 करोड़ रुपये औऱ EBITDA Margin 47.89 फीसदी रहा है।


पहली तिमाही में रिलायंस जियो को ARPU (प्रति उपभोक्ता औसत कमाई) तिमाही आधार पर 0.1 फीसदी की बढ़त के साथ 138.40  रुपये पर रहा है। पिछली तिमाही में कंपनी का ARPU 138.20 रुपये रहा था।


30 जून 2021 को समाप्त तिमाही में रिलायंस जियो के सब्सक्राइबर एडिशन में तिमाही आधार पर 3.4 फीसदी की बढ़त देखने को मिली है।


रिलायंस इंडस्ट्रीज के नतीजों पर बोलते हुए कंपनी के चैयरमेन मुकेश अंबानी ने कहा कि गंभीर चुनौतियों के बावजूद पहली तिमाही में कंपनी का प्रदर्शन मजबूत रहा है। पहली तिमाही के नतीजों में कंपनी के डायवर्सिफाइड पोर्टफोलियों की मजबूती दिखी है। कंपनी के पेट्रोकेमिकल कारोबार ने अपनी उच्च क्षमताओं का प्रदर्शन किया है। इसी तरह जियो प्लेटफॉर्म ने एक और रिकॉर्ड तिमाही प्रदर्शन पेश किया है।


उन्होंने आगे कहा कि कोविड-19 के चलते लागू प्रतिबंधों के कारण कंपनी के रिटेल बिजनेस पर प्रतिकूल प्रभाव दिखा है। कंपनी ने छोटे कारोबारियों और उपभोक्ताओं के साथ अपनी भागीदारी के प्रयासों में तेजी लाई है। आगे हमको कंपनी के रिटेल कारोबार में जोरदार ग्रोथ देखने को मिलेगी।


RIL की तरफ से आए एक ओर बयान में कहा गया है कि रिटेल बिजनेस में कमजोरी की वजह से कंपनी के तिमाही आय को चोट पड़ी है। वहीं कर्ज घटाने की वजह ब्याज खर्च में 50 फीसदी की गिरावट आई है। पहली तिमाही में कंपनी के डिजिटल सर्विसेस में 1.4 करोड़ नए ग्राहक जुड़े हैं। इस तिमाही में कंपनी के O2C और डिजिटल कारोबार ने मजबूत प्रदर्शन किया है। कंपनी के रिटेल कारोबार में फुटफॉल प्री-कोविड लेवल के 46 फीसदी तक पहुंच गया है।


इस बयान में यह भी कहा गया है कि पहली तिमाही में कंज्यूमर के सेटिमेंट में सुधार देखने को मिला है। इस अवधि में जियो फाइबर का औसत घरेलू उपभोग लगभग 300GB प्रति महीने रहा है। वहीं जियो STB का औसत उपभोग प्रति दिन 5 घंटे पर रहा है।


(डिस्क्लेमर: नेटवर्क 18 मीडिया एंड इनवेस्टमेंट लिमिटेड पर इंडिपेंडेंट मीडिया ट्रस्ट का मालिकाना हक है। इसकी बेनफिशियरी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज है।) 


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