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बढ़ सकती हैं TV की कीमतें, कस्टम्स ड्यूटी बढ़ाने की तैयारी में सरकार

चीन से आने वाले ओपन-सेल पैनल के रेट बढ़ने से इस साल दो बार टीवी महंगे हो चुके हैं। सरकार इन पैनल की देश में मैन्युफैक्चरिंग बढ़ाना चाहती है
अपडेटेड May 04, 2021 पर 16:59  |  स्रोत : Moneycontrol.com

टेलीविजन की कीमतें अगले कुछ महीनों में 3-5 प्रतिशत तक बढ़ सकती हैं। सरकार ओपन-सेल पैनल पर इम्पोर्ट ड्यूटी बढ़ाने पर विचार कर रही है। इन पैनल का इस्तेमाल टेलीविजन स्क्रीन की मैन्युफैक्चरिंग में किया जाता है और इनका चीन से इम्पोर्ट होता है।


सूत्रों ने मनीकंट्रोल को बताया कि सरकार अगले तीन वर्षों में ड्यूटी को धीरे-धीरे  बढ़ाकर 10-12 प्रतिशत करना चाहती है। अभी यह 5 प्रतिशत है।


टेलीविजन बनाने वाली कंपनियों से निवेदन मिलने के बाद सितंबर 2019 में सेंट्रल बोर्ड ऑफ इनडायरेक्ट टैक्सेज एंड कस्टम्स (CBIC) ने घोषणा की थी कि अगर मैन्युफैक्चरर्स एक वर्ष की अवधि में देश में मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी तैयार कर लेते हैं तो ओपन-सेल पैनल पर कोई कस्टम्स ड्यूटी नहीं होगी।


लेकिन टेलीविजन मैन्युफैक्चरर्स अभी तक पैनल के लिए लोकल मैन्युफैक्चरिंग करने में नाकाम रहे हैं। कोरोना वायरस फैलने और इसके बाद लॉकडाउन लगाए जाने के कारण भी इन कंपनियों की मैन्युफैक्चरिंग शुरू करने की योजनाओं पर असर पड़ा है।


एक अधिकारी ने बताया, "प्रत्येक वर्ष ड्यूटी बढ़ाई जाएगी। इसका उद्देश्य टीवी ब्रांड्स को इन कंपोनेंट की देश में मैन्युफैक्चरिंग करने के लिए तैयार करना है।"


इस वर्ष यह तीसरी बार होगी कि जब टीवी की कीमतें बढ़ेंगी। पैनल महंगे होने के कारण जनवरी और अप्रैल से ये कीमतें बढ़ी थी।


मनीकंट्रोल ने इससे पहले रिपोर्ट दी थी कि अप्रैल की शुरुआत से टेलीविजन कीमतें 10-30 प्रतिशत तक बढ़ी हैं क्योंकि चीन के सभी पैनल मैन्युफैक्चरर्स ने अपने रेट्स बढ़ाए हैं।


एक व्हाइट गुड्स कंपनी के भारत में वाइस प्रेसिडेंट ने बताया, "हमने सरकार से ओपन-सेल पैनल पर जीरो ड्यूटी करने का निवेदन किया है लेकिन सरकार मेक इन इंडिया अभियान को रफ्तार देना चाहती है। सरकार को फाइनेंशियल इंसेंटिव उपलब्ध कराने चाहिए।"


कस्टम्स ड्यूटी के अलावा 32 इंच तक के टीवी सेट्स पर 18 प्रतिशत GST और इससे अधिक के सेट्स पर 28 प्रतिशत GST लगता है।



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