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आप ना रहें बेखबर, ये हैं आज के चर्चित शेयर

प्रकाशित Fri, 10, 2018 पर 07:57  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

शेयरों की हर हलचल पर पैनी नजर रखकर अपने निवेश को सुरक्षित जरूर किया जा सकता है। यहां हम बता रहे हैं ऐसे शेयर जो रहेंगे आज खबरों में और जिन पर होगी बाजार की नजर।


जेट एयरवेज


कंपनी ने जून तिमाही के लिए नतीजे टाल दिए हैं। ऑडिट कमिटी ने नतीजों को मंजूर करने से इनकार कर दिया है।


आयशर मोटर्स


वित्त वर्ष 2019 की पहली तिमाही में आयशर मोटर्स का मुनाफा 25.4 फीसदी बढ़कर 576.2 करोड़ रुपये रहा है। वित्त वर्ष 2018 की पहली तिमाही में आयशर मोटर्स का मुनाफा 459.6 करोड़ रुपये रहा था। वहीं, वित्त वर्ष 2019 की पहली तिमाही में आयशर मोटर्स की आय 27.4 फीसदी बढ़कर 2,547.8 करोड़ रुपये रही है। वित्त वर्ष 2018 की पहली तिमाही में आयशर मोटर्स की आय 2000.6 करोड़ रुपये रही थी।


सालाना आधार पर पहली तिमाही में आयशर मोटर्स का एबिटडा 620.6 करोड़ रुपये से बढ़कर 809.7 करोड़ रुपये रहा है। सालाना आधार पर पहली तिमाही में आयशर मोटर्स का एबिटडा मार्जिन 31 फीसदी से बढ़कर 31.8 फीसदी रहा है।


जेएसपीएल


पहली तिमाही में जेएसपीएल को 387 करोड़ रुपये के घाटे के मुकाबले 181 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ है। साल दर साल आधार पर पहली तिमाही में जेएसपीएल की आय 5,668 करोड़ रुपये से बढ़कर 9,665 करोड़ रुपये रही है।


सालाना आधार पर पहली तिमाही में जेएसपीएल का एबिटडा 1,352 करोड़ रुपये से बढ़कर 2,277 करोड़ रुपये रहा है। सालाना आधार पर पहली तिमाही में जेएसपीएल का मार्जिन 23.9 फीसदी से घटकर 23.6 फीसदी रहा है।


अरविंदो फार्मा


वित्त वर्ष 2019 की पहली तिमाही में अरविंदो फार्मा का मुनाफा 12 फीसदी घटकर 456 करोड़ रुपये हो गया है। वित्त वर्ष 2018 की पहली तिमाही में अरविंदो फार्मा का मुनाफा 518 करोड़ रुपये रहा था। वहीं, वित्त वर्ष 2019 की पहली तिमाही में अरविंदो फार्मा की आय 15.5 फीसदी बढ़कर 4,250 करोड़ रुपये रही है। वित्त वर्ष 2018 की पहली तिमाही में अरविंदो फार्मा की आय 3,678.7 करोड़ रुपये रही थी।


साल दर साल आधार पर पहली तिमाही में अरविंदो फार्मा का एबिटडा 833.9 करोड़ रुपये से घटकर 711 करोड़ रुपये रहा है। सालाना आधार पर पहली तिमाही में अरविंदो फार्मा का एबिटडा मार्जिन 22.7 फीसदी से घटकर 16.7 फीसदी रहा है।


वक्रांगी


सेबी ने वक्रांगी के प्रोमोटर 45 दिन में ओपन ऑफर लाने का आदेश दिया है। साथ ही प्रोमोटर को शेयरहोल्डर्स को 10 फीसदी का ब्याज भी देने का निर्देश दिया है। सेबी ने 2013 में ओपन ऑफर नहीं लाने के मामले में फैसला सुनाया है। 2013 में प्रोमोटर ने अपना हिस्सा 25 फीसदी से ज्यादा कर लिया था। साथ ही आज आने वाले वक्रांगी के नतीजों पर भी नजर रहेगी।