Moneycontrol » समाचार » बाज़ार खबरें

बदलेगा 1961 का इनकम टैक्स कानून, सरल और आसान होगा टैक्स सिस्टम!

डायरेक्ट टैक्स रिफॉर्म के लिए बनाए गए टास्क फोर्स ने वित्त मंत्री को अपनी सिफारिशें सौंप दी हैं।
अपडेटेड Aug 20, 2019 पर 14:50  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

दो साल पहले GST ने इनडायरेक्ट टैक्स की दुनिया बदल दी और अब इसी तर्ज पर इनकम टैक्स समेत डायरेक्ट टैक्स की दुनिया बदलने जा रही है। डायरेक्ट टैक्स रिफॉर्म के लिए बनाए गए टास्क फोर्स ने वित्त मंत्री को अपनी सिफारिशें सौंप दी हैं। अभी इन सिफारिशों को पब्लिक डोमेन में नहीं लाया गया है। मगर हमें जो खबर मिली है उसके मुताबिक डिविडेंड डिस्ट्रिब्यूशन टैक्स और मिनिमम ऑल्टरनेटिव टैक्स खत्म करने की सिफारिश की गई है। टास्क फोर्स ने इनकम टैक्स में भी बड़े बदलावों की सिफारिश की है। इसके अलावा पूरे टैक्स सिस्टम को आधुनिक बनाने, टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल पर जोर दिया गया है। साथ ही टैक्स को लेकर जो कानूनी विवाद होते हैं उनमें कमी आए इसके लिए भी सुधारों की सिफारिश की गई है।


डायरेक्ट टैक्स टास्क फोर्स


डायरेक्ट टैक्स कोड के लिए टास्क फोर्स का गठन मोदी सरकार ने 2017 में किया था। DTC यानी डायरेक्ट टैक्स कोड इनकम टैक्स एक्ट 1961 की जगह लेगा। CBDT के मेंबर अखिलेश रंजन इसके हेड हैं। वहीं गिरीश आहूजा, चार्टर्ड अकाउंटेंट सदस्य हैं जबकि राजीव मेवानी, मैनेजिंग पार्टनर EY सदस्य है। टैक्स वकील मुकेश पटेल भी इस टास्क फोर्स के सदस्य हैं। ICRIER की कंसल्टेंट मानसी केडिया और रिटायर्ड IRS जी सी श्रीवास्तव भी सदस्य हैं।


डायरेक्ट टैक्स टास्क फोर्स की सिफारिशें


डायरेक्ट टैक्स में सुधार के लिए बनी टास्क फोर्स आज वित्त मंत्री को अपनी रिपोर्ट सौंप दी है। 21 महीने में कुल 89 बैठकों के बाद टास्क फोर्स ने ये रिपोर्ट तैयार की है। टास्क फोर्स ने इस रिपोर्ट में डिविडेंड डिस्ट्रीब्यूशन टैक्स (DDT) को पूरी तरह से हटाने की सिफारिश की है। बता दें कि जब कंपनियां डिविडेंड देती हैं 15 फीसदी DDT लगता है। DDT के ऊपर 12 फीसदी सरचार्ज और 3 फीसदी एजुकेशन सेस लगता है। इस तरह कुल मिलाकर DDT की प्रभावी दर 20.35 फीसदी हो जाती है।


टास्क फोर्स मिनिमम अल्टरनेटिव टैक्स (MAT) को भी पूरी तरह से हटाने की भी सिफारिश की है। अभी कंपनी के बुक प्रॉफिट पर 18.5 फीसदी MAT लगता है। इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 115JB के तहत MAT लगता है।


टास्क फोर्स ने सभी के लिए कॉरपोरेट टैक्स की दर 25 फीसदी करने की सिफारिश है। टास्क फोर्स ने इनकम टैक्स की दरों और स्लैब में बड़े बदलाव की भी सिफारिश की है और इनकम टैक्सपेयर्स की फेसलेस स्क्रूटनी के लिए जरूरी उपाय सुझाए हैं। इसने सिस्टम के जरिये फाइनांशियल ट्रांजैक्शन का क्रॉस वेरिफिकेशन करने के उपाय सुझाए हैं।


टास्क फोर्स का खास जोर टैक्स विवादों के जल्द निपटारे पर है। इस रिपोर्ट में जीएसटी, कस्टम, फाइनेंशियल इंटेलिजेंस यूनिट औऱ इनकम टैक्स के बीच जानकारी के लेनदेन की खास व्यवस्था की सिफारिश भी की गई है।


 


सोशल मीडिया अपडेट्स के लिए हमें Facebook (https://www.facebook.com/moneycontrolhindi/) और Twitter (https://twitter.com/MoneycontrolH) पर फॉलो करें।