Moneycontrol » समाचार » बाज़ार खबरें

जेट एयरवेज संकट, बैंकों से 1500 करोड़ देने की अपील

प्रकाशित Mon, 15, 2019 पर 13:38  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

जेट एयरवेज के पायलटों ने बैंकों से एयरलाइन में 1500 करोड़ की नकदी तुरंत डालने की गुहार लगाई है। जेट एयरवेज के पायलटों के मुताबिक उन्हें 4 महीने से सैलेरी नहीं मिली है। ऐसे में उनकी वित्तीय हालत खराब हो गई है। जेट एयरवेज के कर्मचारियों को पिछले चार महीने सैलरी नहीं मिली है।


पहले इंजीनियरिंग यूनियन और फिर पायलट ने आवाज उठाते हुए सरकार से इस समस्या का समाधान करने की गुजारिश की है। सीएनबीसी-आवाज़ से बातचीत में जेट एयरवेज के पायलटों ने कहा कि कि उनकी स्थिति बहुत खराब हो रही है उनकों कई महीनों से सैलरी नहीं मिली है।


आर्थिक संकट से जूझ रहे जेट को बचाने पर बैंकों और जेट मैनेजमेंट के बीच मुंबई में बैठक जारी है। बैठक में जेट को मिली बोली और अंतरिम फंड पर चर्चा हो रही है। इससे पहले आज सुबह सैलरी नहीं मिलने को लेकर जेट के पायलटों ने प्रदर्शन भी किया।


बता दें कि जेट एयरवेज के सिर्फ 7 विमान उड़ान भर रहे हैं। जेट को 1,500 करोड़ की इमरजेंसी फंडिंग पर फैसला हो सकता है। इस बीच पायलटों ने मुंबई के जेट दफ्तर के बाहर प्रदर्शन किया और पीएम मोदी से हस्तक्षेप की मांग की।


गौरतलब है कि जेट एयरवेज का आर्थिक संकट सुलझ नहीं रहा है। जेट के सीईओ ने साफ कहा है कि लेनदारों ने  फिलहाल किसी भी तरह की अंतरिम फंडिग नहीं की। अब इस मुद्दे पर कल फिर जेट बोर्ड की बैठक होगी। इधर जेट ने 18 अप्रैल तक इंटरनेशनल उड़ानों पर रोक लगा दी है।


वहीं जेट एयरवेज को बेचने को लेकर बैंकों ने जो बोली मंगाई थी, जिसको लेकर एसबीआई का बयान आया है। एसबीआई ने कहा है कि जेट की चुनी गई बोली का एलान जल्द किया जाएगा। फिलहाल जेट के लिए मिली बोलियों को लीगल टीम देख रही है। सूत्रों के मुताबिक जेट एयरवेज पर बैंक किसी तरह का कंट्रोल नहीं चाहते हैं। सूत्रों के मुताबिक कर्ज को इक्विटी में बदलने से जेट को बेचना आसान होगा और इसके लिए कर्ज को कुछ वक्त के लिए इक्विटी में बदला जाएगा और कर्ज के इक्विटी की कीमत आरबीआई तय करेगा।