Moneycontrol » समाचार » ख़बरें

Cyclone Amphan Updates: अम्फान तूफान का लैंडफॉल शाम 7 बजे सुंदरबन में होगा

Amphan Cyclone आज दोपहर बाद पश्चिम बंगाल के दीघा तट से टकराने की आशंका है
अपडेटेड May 20, 2020 पर 20:38  |  स्रोत : Moneycontrol.com

सुपर साइक्लोन अम्फान (Amphan) पश्चिम बंगाल और ओडिशा में भारतीय तटों की ओर बढ़ने के साथ ही पश्चिमी-मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर मंगलवार को कमजोर होकर अत्यंत भीषण चक्रवाती तूफान में का रूप ले चुका है। बुधवार को दोपहर से शाम के बीच पश्चिम बंगाल के दीघा तट से टकराएगा। इस दौरान 180 किलोमीटर प्रति घंटा तक की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी और तेज बारिश होगी। भारी तबाही की आशंका के बीच पश्चिम बंगाल के तटीय इलाकों से 3 लाख लोगों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। बंगाल और ओडिशा के कई इलाकों में अभी से बारिश शुरू हो गई है। असम सरकार ने भी तूफान को देखते हुए हाई अलर्ट घोषित कर दिया है।


भुवनेश्वर में भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के निदेशक एच.आर. बिस्वास ने बताया, लैंडफॉल 4 बजे से शुरू होने की उम्मीद है। ओडिशा तट में हवा की रफ्तार 100-125 किलोमीटर है, बालासोर में शाम तक तेज़ हवा का असर रहेगा। 24 घंटे बाद मौसम लगभग साफ हो जाएगा।


2.30 PM


भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने बताया कि सुबह 11:30 बजे चक्रवात अम्फान करीब 125 किलोमीटर दक्षिण-दक्षिण-पूर्व दीघा (पश्चिम बंगाल) में था। दीघा, पश्चिम बंगाल और हटिया द्वीप समूह, बांग्लादेश के बीच पश्चिम बंगाल-बांग्लादेश तटों को पार करने वाला है। लैंडफॉल की प्रक्रिया दोपहर से शुरू होगी। चक्रवात अम्फान के चलते जगसिंहपुर ज़िले में पेड़ जड़ से उखड़ गए और घर ढह गए


2.15 PM


NDRF DG एसएन प्रधान ने बताया कि ओडिशा सरकार के मुताबिक करीब 1.5 लाख लोगों को निकाला गया है। सबसे ज्यादा प्रभालित होने वाले इलाकों में बालासोर, भद्रक जिले शामिल हैं। इन इलाकों से ज्यादा लोगों को निकाला गया है। बंगाल सरकार के मुताबिक 3.30 लाख लोगों को निकाला गया है। दक्षिण 24 परगना,पूर्व मिदनापुर से ज़्यादा लोगों को निकाला गया है। चिंता का विषय यह है कि लैंडफॉल किस गति से होगा। दोनों राज्यों में कुल 41 टीमें तैनात की गई हैं। 20 टीमें ओडिशा में तैनात की गई हैं और 19 पश्चिम बंगाल में, 2 टीमें स्टैंडबाय पर हैं।


1.30 PM


विशेष राहत आयुक्त पीके जेना ने बताया कि पारादीप से110 किलोमीटर दूर है और ये18-19 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से आगे बढ़ रहा है,1 घंटे पहले पारादीप में 102 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चली थी।  आज शाम को पश्चिम बंगाल में सुंदरबन के पास लैंडफॉल की आशंका है।अगले 6-8 घंटे महत्वपूर्ण हैं। अब तक हम 1,37,000 से ज़्यादा लोगों को शिफ्ट कर चुके हैं और अभी भी बालेश्वर और मयूरभंज ज़िलों में निकासी अभियान चलाया जा रहा हैं। बारिश और हवा को देखते हुए लोग खुद से हमारे शेल्टर में आ रहे हैं।


12.30 PM


भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने बताया कि चक्रवात अम्फान पारादीप (ओडिशा) से लगभग 120किमी पूर्व में सुबह 10:30बजे। सुंदरबन के पास दीघा (पश्चिम बंगाल) और हटिया द्वीप (बांग्लादेश) के बीच पश्चिम बंगाल-बांग्लादेश तटों को पार करने वाला है। लैंडफॉल की प्रक्रिया दोपहर से शुरू होगी।


12.10 PM


तूफान आने पर क्या करें


गैस स्पलाई और बिजली मेन स्विच से ऑफ करें।

दरवाजें और खिड़कियां बंद कर लें

अगर आपका घर सुरक्षित नहीं है तो जितनी जल्दी हो सके वहां से निकल जाएं।

रेडियो ट्रांसमिटर पर ताजा हाल सुनते रहें।

उबला हुआ पानी या क्लोरिनेटेड पानी पीएं।

सरकारी चेतावनी पर ध्यान दें।


11.40 AM


मौसम विभाग ने बताया कि ओडिशा के पूर्वी तटीय इलाकों में भारी बारिश हो रही है। पिछले 24 घंटों से लगातार पश्चिम बंगाल और ओडिशा में भारी बारिश और तेज हवाएं जारी हैं।


11.30 AM


स्पेशल एक्सप्रेस अम्फान तूफान की वजह से रद्द हो गई है। ईस्टर्न रेलवे ने बताया कि बहुत ज्यादा बारिश और तूफान की वजह से 02301 हावड़ा-नई दिल्ली AC स्पेशल ट्रेन का डिपार्चर कैंसल कर दिया गया है।


10.30 AM


ओडिशा के भद्रक, पारदीप और बालासोर जिले के चांदीपुर में तेज हवाएं चलने के साथ बारिश शुरू हो गई है। पारदीप में तो कल रात से ही हवा और बारिश की रफ्तार बढ़ गई है। यहां (पारदीप-Paradip) में 82 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज गति से हवा चल रही है और बारिश 11.0 मिमी/घंटा दर्ज की गई। जबकि कुल बारिश 144.1 मिलीमीटर दर्ज की गई है। मौसम विभाग का अनुमान है कि दिन में करीब 2:30 बजे के आसपास चक्रवात ओडिशा के तट से टकराएगा.


मौसम विभाग ने कैबिनेट सचिव राजीव गौबा की अध्यक्षता में हुई National Crisis Monitoring Committee (NCMC की मीटिंग में बताया गया है कि तूफान से सबसे भारी तबाही पश्चिम बंगाल और ओडिशा के छह जिलों में होगी।


राहत और बचाव कार्य के लिए ओडिशा और पश्चिम बंगाल के तटीय इलाकों में NDRF की टीम तैनात कर दी गई है। पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने कहा कि करीब 3 लाख लोगों को राज्य के तटीय क्षेत्रों से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है।


वहीं NDRF के चीफ एसएन प्रधान ने कल शाम प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि साइक्लोन को लेकर निगरानी रखी जा रही है। ओडिशा में राहत कार्यों के लिए NDRF की 15 टीमों को तैनात किया गया है जबकि पश्चिम बंगाल में 19 टीमों की तैनाती की गई है। इसके अलावा 2 टीमों को स्टैंडबाई पर रखा गया है। साथ NDRF ने 6 बटालियन को रिजर्व रखा है। हर बटालियन में 4-4 टीमें है यानी कुल मिलाकर 24 टीमें स्टैंड बाई पर हैं। प्रधान ने कहा कि हम ऐसी स्थिति में हैं, जिसमें हमें कोरोना वायरस और महाचक्रवात की दोहरी चुनौतियों को सामना करना पड़ रहा है।


सोशल मीडिया अपडेट्स के लिए हमें Facebook (https://www.facebook.com/moneycontrolhindi/) और Twitter (https://twitter.com/MoneycontrolH) पर फॉलो करें