Moneycontrol » समाचार » ख़बरें

नाबालिग के रेप करने वालों की दया याचिका का अधिकार खत्म किया जाए: राष्ट्रपति कोविंद

राष्ट्रपति ने यह भी कहा है कि इसके लिए सरकार को कानून में संशोधन भी लाना चाहिए
अपडेटेड Dec 08, 2019 पर 11:28  |  स्रोत : Moneycontrol.com

देशभर में रेप की जघन्य घटनाओं के बीच राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने कहा है कि देश में नाबालिगों से रेप करने वालों के लिए दया याचिका का अधिकार ही खत्म कर देना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि इसके लिए सरकार को कानून में संशोधन भी लाना चाहिए।


राष्ट्रपति ने शुक्रवार को कहा कि पोक्सो कानून के अधीन आने वाली घटनाओं में आरोपियों को दया याचिका के अधिकार से वंचित किया जाए। उन्हें इस प्रकार के किसी भी अधिकार की जरूरत नहीं है। महिलाओं व बच्चियों के खिलाफ होने वाले अपराधों का जिक्र करते हुए राष्ट्रपति ने कहा- इस तरह के जो अभियुक्त होते हैं उन्हें संविधान में दया याचिका अधिकार दिया गया है। और मैंने कहा है कि इस पर आप पुनर्विचार करिए।


उन्होंने कहा- पोक्सो एक्ट के तहत आने वाली घटनाओं में उनको (अभियुक्तों को) दया याचिका के अधिकार से वंचित कर दिया जाये। उन्हें इस प्रकार के किसी भी अधिकार की जरूरत नहीं है। कोविंद ने कहा कि इस बारे में कोई कदम संसद को उठाना है। कोविंद ने कहा- अब यह सब हमारी संसद पर निर्भर करता है। उसमें एक संविधान है और उसमें संशोधन लेकिन उस दिशा में हम सब की सोच एक आगे बढ रही है।


उधर, गृह मंत्रालय ने भी 2012 के निर्भया सामूहिक बलात्कार मामले में एक दोषी की दया याचिका खारिज करने की दिल्ली सरकार की सिफारिश राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को भेज दी है।


दया याचिका खारिज करने की फाइल दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल की ओर सेगृह मंत्रालय को भेजे जाने के दो दिन बाद यह कदम उठाया गया है।


अधिकारियों ने बताया कि यह फाइल विचार करने और अंतिम फैसले के लिए राष्ट्रपति को भेज दी गई है। गृह मंत्रालय ने निर्भया सामूहिक बलात्कार मामले में एक दोषी की दया याचिका खारिज करने की सिफारिश करने वाली फाइल में टिप्पणी भी की है।


मामले के दोषियों में शामिल विनय शर्मा 23 वर्षीय छात्रा से बलात्कार और उसकी हत्या को लेकर मौत की सजा का सामना कर रहा है।


सोशल मीडिया अपडेट्स के लिए हमें Facebook (https://www.facebook.com/moneycontrolhindi/) और Twitter (https://twitter.com/MoneycontrolH) पर फॉलो करें।