Moneycontrol » समाचार » राजनीति

EC से मिले 22 विपक्षी पार्टियों के नेता, गड़बड़ी मिलने पर सभी VVPAT की जांच की मांग

प्रकाशित Tue, 21, 2019 पर 17:55  |  स्रोत : Moneycontrol.com

 22 विपक्षी पार्टियों के नेताओं ने चुनाव आयोग को एक मेमोरैंडम सौंपा है। इन नेताओं की मांग है कि VVPAT (वोटर वैरिफाएबल पेपर ऑडिट ट्रेल) की पर्चियों को EVM के आंकड़ों से मिलाया जाए।


चुनाव आयोग के साथ करीब घंटे भर की बैठक के बाद विपक्ष के नेताओं ने चुनाव आयोग से मांग की है कि वह किसी भी 5 पोलिंग स्टेशन के VVPAT की पर्चियों को EVM से मिलाकर देखे।


कांग्रेस के नेता गुलाम नबी आजाद ने बताया कि हमने चुनाव आयोग को कहा है कि पहले VVPAT मशीनों की काउंटिंग हो। इसमें अगर कोई गड़बड़ी आती है तो हर VVPAT की गणना होनी चाहिए।


कांग्रेस के एक और नेता अभिषेत मनु सिंघवी ने कहा है कि पिछले तीन महीने से निवेदन करने के बाद चुनाव आयोग का कहना है कि वह इस मामले पर बुधवार को बातचीत करेगी।


सिंघवी ने कहा, हमने डेढ़ महीना पहले यह मामला उठाया था। हमने चुनाव आयोग से पूछा लेकिन हमें कोई जवाब नहीं मिला। चुनाव आयोह ने एक घंटे की बातचीत के बाद कहा है कि इस मामले में कल दोबारा मिलेगा।


तेलुगु देशम पार्टी (TDP) के चीफ चंद्रबाबू नायडू ने कहा कि जनादेश के साथ कोई छेड़छाड़ नहीं होना चाहिए। आंध्र प्रदेश के सीएम नायडू ने कहा, हमने चुनाव आयोग से कहा है कि वह जनादेश का सम्मान करे। इसके साथ छेड़छाड़ न हो।


सुप्रीम कोर्ट ने किया खारिज


इस मामले में चेन्नई की एक गैर सरकारी संगठन टेक फॉर आल ने एक याचिका दायर की थी। लेकिन सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस अरुण मिश्र की अगुवाई वाली पीठ ने इस पर सुनवाई करने से मना कर दिया।


इस याचिका में कहा गया था कि EVM-VVAT मशीनों की पर्ची का इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन के आंकड़ों से 100 फीसदी मिलान करने की मांग वाली जनहित याचिका को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दी है।