Moneycontrol » समाचार » राजनीति

यूपी में आइसोलेशन वार्ड में मरीज कर सकेंगे मोबाइल पर बात, योगी सरकार ने हटाया प्रतिबंध

सरकार ने अपना पुराना आदेश वापस ले लिया है और कुछ सख्त शर्तों के साथ मरीजों को वार्ड में मोबाइल और चार्जर ले जाने की अनुमति प्रदान की है।
अपडेटेड May 25, 2020 पर 16:32  |  स्रोत : Moneycontrol.com

उत्तर प्रदेश में योगी सरकार ने कोरोना संक्रमित का इलाज हो रहे आइसोलेशन वार्ड में मोबाइल के उपयोग पर प्रतिबंध लगाया था जिससे मरीजों को वार्ड के अंदर मोबाइल ले जाने की अनुमति नहीं थी परंतु सरकार ने अपना पुराना आदेश वापस ले लिया है और कुछ सख्त शर्तों के साथ मरीजों को वार्ड में मोबाइल और चार्जर ले जाने की अनुमति प्रदान की है।


इससे पहले उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य महानिदेशक के. के. गुप्ता ने मोबाइल फोन से कोरोना संक्रमण फैलता है इस आधार पर आइसोलेशन वार्ड में मोबाइल फोन ले जाने पर पाबंदी लगा दी थी। लेकिन अब योगी सरकार ने ये आदेश वापस लेकर रोगियों की आइसोलेशन वार्ड में फोन पर बात करने की छूट दी है।


नये आदेश के अनुसार मरीजों को शर्तों के साथ निजी मोबाइल का उपयोग करने की मंजूरी दी गई है। महाराष्ट्र टाइम्स में छपी खबर के मुताबिक मरीजों को वार्ड में जाने के पहले उनके पास मोबाइल और चार्जर है इसकी जानकारी देनी होगी। इसके बाद उनके मोबाइल और चार्जर को सैनिटाइज किया जायेगा। वे अपना मोबाइल और चार्जर किसी दूसरे को उपयोग करने के लिए नहीं दे सकेंगे। मरीजों को वार्ड से बाहर किये जाने पर उनका मोबाइल और चार्जर फिर से सैनिटाइज किया जायेगा।


मोबाइल उपयोग पर पाबंदी का मामला उत्तर प्रदेश में राजनीतिक रंग ले रहा था। पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव ने आइसोलेशन वार्ड में मोबाइल प्रतिबंध पर सरकार को आड़े हाथों लिया था। उन्होंने कहा था यदि मोबाइल से कोरोना संक्रमण फैलता है तो पूरे देश में आइसोलेशन वार्ड के रूप में प्रतिबंध लगा देना चाहिए। उन्होंने कहा था वार्ड की अव्यवस्था, लापरवाही और गैरजिम्मेदारी की सूचना बाहर न पहुंचे इसलिए सरकार ने मोबाइल पर रोक लगाई गई है।


सोशल मीडिया अपडेट्स के लिए हमें Facebook (https://www.facebook.com/moneycontrolhindi/) और Twitter (https://twitter.com/MoneycontrolH) पर फॉलो करें।