Moneycontrol » समाचार » टैक्स

टैक्स गुरुः कैसे करें रिटर्न को रिवाइज

प्रकाशित Sat, 15, 2018 पर 15:00  |  स्रोत : CNBC-Awaaz

टैक्स एक ऐसा शब्द है जिसे सुनते ही आम आदमी ही नहीं जानकार भी घबराने लगते हैं। कारण है कि आयकर कानूनों में इतने सारे पेंच है कि किसी के लिए भी इन्हें समझना टेढ़ी खीर साबित हो सकती है। इनकम टैक्स भरने का समय करीब आ रहा है जरुरी है कि आप इनसे जुड़े नियमों में बदलाव को जाने और समझें। ऐसे ही मौकों पर टैक्स गुरू अपनी जानकारी और अनुभव का खजाना लेकर आते हैं और करते हैं टैक्स से जुड़ी मुश्किलों को दूर। आज आपके टैक्स से जुड़े मुश्किल सवालों का जवाब देंगे टैक्स एक्सपर्ट प्रीति खुराना की सलाह।


रिटर्न में गलतियों को सुधारने के लिए प्रीति खुराना का कहना है कि रिटर्न फाइल करने के बाद रिवाइज किया जा सकता है। पहले तय तारीख निकलने के बाद रिवीजन नहीं होता था, लेकिन अब बिलेटेड रिटर्न भी रिवाइज किए जा सकते है। गलत जानकारी को सुधारा जा सकता है। आय की जानकारी दोबारा दी जा सकती है, रिटर्न रिवाइज करने की समयसीमा एक वित्त की वर्ष होती है।


प्रीति खुराना के मुताबिक असेसमेंट ईयर खत्म होने तक रिटर्न रिवाइज कर सकते है। वित्त वर्ष 2017-2018 की रिटर्न 31 मार्च 2019 तक रिवाइज करें। असेसमेंट होने के बाद रिटर्न रिवीजन नहीं हो पाएगा। कितना बार रिटर्न रिवाइज कर सकते है इसकी समयसीमा नहीं है। बार- बार रिटर्न रिवाइज करने पर विभाग जांच कर सकता है , लिहाजा जरुरी होने पर ही रिटर्न को रिवाइज कीजिए। रिटर्न रिवाइज करने के लिए किसी प्रोफेशनल की मदद लीजिए।