84 सेकंड का है राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा, जानिए
84 सेकंड का है राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा, जानिए
84 सेकंड का है राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा, जानिए
22 जनवरी को अयोध्या में होने जा रहा है राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा
22 जनवरी को अयोध्या में होने जा रहा है राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा
समारोह के लिए 84 सेकंड का शुभ मुहूर्त होगा और इसी मुहूर्त में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रामलला का अभिषेक करेंगे
समारोह के लिए 84 सेकंड का शुभ मुहूर्त होगा और इसी मुहूर्त में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रामलला का अभिषेक करेंगे
रामलला का अभिषेक मेष लग्न और अभिजीत मुहूर्त में किया जाएगा
रामलला का अभिषेक मेष लग्न और अभिजीत मुहूर्त में किया जाएगा
ये अद्भुत मुहूर्त काशी के सांगवेद विद्यालय के प्राचार्य गणेश्वर शास्त्री द्रविड़ ने निकाला है
ये अद्भुत मुहूर्त काशी के सांगवेद विद्यालय के प्राचार्य गणेश्वर शास्त्री द्रविड़ ने निकाला है
काशी, जिसे समस्त विद्याओं की राजधानी और विद्वानों की भूमि कहा जाता है. उसी जमीं से रामलला के अभिषेक का मुहूर्त निकला है
काशी, जिसे समस्त विद्याओं की राजधानी और विद्वानों की भूमि कहा जाता है. उसी जमीं से रामलला के अभिषेक का मुहूर्त निकला है
रामलला की प्राण प्रतिष्ठा मेष लग्न और वृश्चिक नवांश में होनी है. मेष लग्न में बृहस्पति है और पंचम, सप्तम और नवम भाव पर पूर्ण दृष्टि है
रामलला की प्राण प्रतिष्ठा मेष लग्न और वृश्चिक नवांश में होनी है. मेष लग्न में बृहस्पति है और पंचम, सप्तम और नवम भाव पर पूर्ण दृष्टि है
आचार्य गणेश्वर शास्त्री द्रविड़ के मुताबिक, 22 जनवरी को सुबह 10 बजकर 30 मिनट से शुभ लग्न प्रारंभ होगा
आचार्य गणेश्वर शास्त्री द्रविड़ के मुताबिक, 22 जनवरी को सुबह 10 बजकर 30 मिनट से शुभ लग्न प्रारंभ होगा
दोपहर 12 बजकर 30 मिनट के बाद 84 सेकेंड के शुभ मुहुर्त में प्राण प्रतिष्ठा के प्रभानमंत्री मोदी रामलला का अभिषेक करेंगे
दोपहर 12 बजकर 30 मिनट के बाद 84 सेकेंड के शुभ मुहुर्त में प्राण प्रतिष्ठा के प्रभानमंत्री मोदी रामलला का अभिषेक करेंगे
उनका कहना है कि इस शुभ मुहुर्त में रामलला की स्थापना होने से देश पर सरस्वती की कृपा बरसेगी
उनका कहना है कि इस शुभ मुहुर्त में रामलला की स्थापना होने से देश पर सरस्वती की कृपा बरसेगी
इस महायज्ञ को संपन्न कराने के लिए काशी से 121 आचार्य अयोध्या पहुंचेंगे. 85 साल के मुख्य आचार्य श्री लक्ष्मीकांत दीक्षित जी नेतृत्व में अनुष्ठान संपन्न करने जाएंगे
इस महायज्ञ को संपन्न कराने के लिए काशी से 121 आचार्य अयोध्या पहुंचेंगे. 85 साल के मुख्य आचार्य श्री लक्ष्मीकांत दीक्षित जी नेतृत्व में अनुष्ठान संपन्न करने जाएंगे
प्रतिष्ठा समारोह के लिए देश के अलग-अलग इलाकों से संतों और गणमान्य व्यक्तियों को 7000 निमंत्रण भेजे गए हैं
प्रतिष्ठा समारोह के लिए देश के अलग-अलग इलाकों से संतों और गणमान्य व्यक्तियों को 7000 निमंत्रण भेजे गए हैं