Must-watch OTT Thrillers: अगर आप भी कोर्टरूम ड्रामा के हैं शौकीन, तो अपनी ओटीटी वॉच लिस्ट में इन फिल्मों को करें शामिल

Must-watch OTT Thrillers: ओटीटी पर घर बैठे अगर आप कोर्टरूम ड्रामा का लुत्फ उठाना चाहते हैं, तो इन फिल्मों को अपनी लिस्ट में शामिल करें। यहां कुछ शानदार फिल्मों की सूची दी गई है।

अपडेटेड Sep 28, 2026 पर 12:50 PM
  • Follow Us On Google
  • Add as a Preferred Source on Google
आप भी वकालत, तीखी बहस और सस्पेंस वाली कहानियों के हैं शौकीन तो यहां दी गई इन फिल्मों का ओटीटी पर लुफ्ट उठा सकते हैं।

Must-watch OTT Thrillers: दर्शकों के बीच कोर्टरूम ड्रामा फिल्में हमेशा ही पॉपुलर रहती हैं। अगर आप भी वकालत, तीखी बहस और सस्पेंस वाली कहानियों के शौकीन हैं, तो यहां दी गई इन फिल्मों का ओटीटी पर लुत्फ उठा सकते हैं। लिस्ट में कौन-कौन से नाम शामिल हैं चलिए आपको बताते हैं।

Shaurya (2008)

मिलिट्री बैकग्राउंड पर आधारित इस कहानी में एक अनिच्छुक आर्मी लॉयर कोर्ट-मार्शल के एक मामले की जांच करता है, जिसमें एक मुस्लिम अफसर ने अपने सीनियर की हत्या कर दी थी। इस ट्रायल के दौरान सेना के भीतर छिपे गहरे राज, भेदभाव और वैचारिक मतभेदों की गहरी लड़ाई सामने आती है।


जॉली एलएलबी (2013)

एक छोटे स्तर का वकील एक अमीर और प्रभावशाली परिवार से जुड़े हिट-एंड-रन केस को हाथ में लेता है। कॉमेडी, तंज और असली सस्पेंस का मेल होने के साथ-साथ यह फिल्म कानूनी व्यवस्था में फैले भ्रष्टाचार को उजागर करती है और 'डेविड बनाम गोलियत' (कमजोर बनाम ताकतवर) वाला एक बेहद संतोषजनक क्लाइमेक्स दिखाती है।

मुल्क (2018)

जब एक युवा कट्टरपंथी बन जाता है तो उसके बेगुनाह मुस्लिम परिवार पर आतंकवाद के आरोप लगते हैं और उन्हें लोगों की नफरत का सामना करना पड़ता है। फिल्म में तापसी अदालत में जाकर भेदभाव से लड़ती हैं। परिवार की देशभक्ति साबित करती हैं और राजनीतिक पक्षपात के खिलाफ उनकी इज्जत वापस दिलाती हैं।

तलवार (2015)

असल जिंदगी के एक चर्चित दोहरे हत्याकांड पर आधारित यह फिल्म एक लड़की की मौत से जुड़ी अलग-अलग जांच-पड़ताल को दिखाती है। यह एक जबरदस्त कानूनी थ्रिलर है, जो सिस्टम में भ्रष्टाचार, मीडिया ट्रायल और जांच में हुई कमियों की पड़ताल करती है।

सिर्फ एक बंदा काफी है (2023)

असल घटनाओं से प्रेरित एक आम सेशन कोर्ट का वकील एक बहुत ताकतवर धर्मगुरु के खिलाफ केस लड़ता है, जिस पर एक नाबालिग के साथ यौन शोषण का आरोप है। यह पक्के इरादे और बहुत ज्यादा ताकत के बीच की एक जबरदस्त लड़ाई है, जिसमें मुख्य कलाकार ने शानदार काम किया है।

सेक्शन 375 (2019)

एक हाई-प्रोफाइल केस तब शुरू होता है जब एक मशहूर डायरेक्टर पर एक कॉस्ट्यूम डिजाइनर रेप का आरोप लगाती है। कहानी कानून की पेचीदगियों, अस्पष्ट सबूतों और नैतिक दुविधाओं की गहराई में जाती है और फैसला आने तक आपको सस्पेंस में रखती है।

पिंक (2016)

जब तीन युवतियों पर यौन हमले का विरोध करने के बाद झूठा आरोप लगाया जाता है तो एक रिटायर्ड वकील उनका बचाव करने के लिए आगे आता है। यह फिल्म सहमति, सामाजिक सोच और सिस्टम में मौजूद भेदभाव की एक जबरदस्त पड़ताल बन जाती है।

केसरी चैप्टर 2

यह एक पीरियड कोर्ट रूम ड्रामा है। सी. शंकरन नायर के पोते रघु पलात और पुष्पा पलात की लिखी किताब 'द केस दैट शुक द एम्पायर' पर आधारित है। फिल्‍म की कहानी करण सिंह त्यागी और अमृतपाल बिंद्रा ने लिखी है। फिल्म में अनन्या पांडे और अक्षय कुमार लीड रोल में नजर आए हैं।

हक

2025 में रिलीज हुई यामी गौतम की हक फिल्म को दर्शकों का खूब प्यार मिला है। इस फिल्म में उनके साथ इमरान हाशमी नजर आए हैं। फिल्म की कहानी देश के सबसे चर्चित शाह बानो के तीन तलाक केस पर आधारित है।

हिंदी में शेयर बाजार,  स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।