Abhishek Banerjee Attack: अभिषेक बनर्जी के घर पर किसने किया हमला? बोले- '6 महीने में मेरी जान लेने की यह 7वीं कोशिश'
Abhishek Banerjee Attack: पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर तृणमूल कांग्रेस (TMC) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बीच तनाव बढ़ गया है। TMC सांसद और पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने आरोप लगाया है कि उनके जन्मदिन समारोह के दौरान कोलकाता के कालीघाट स्थित आवास पर बीजेपी कार्यकर्ताओं ने हमला किया
Abhishek Banerjee Attack: जन्मदिन समारोह के दौरान कोलकाता के कालीघाट स्थित अभिषेक बनर्जी के घर पर हमले की खबर है
Abhishek Banerjee Attack: पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की अगुवाई वाली तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसद अभिषेक बनर्जी ने आरोप लगाया कि है भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार (6 नवंबर) देर रात कोलकाता के कालीघाट स्थित उनके आवास पर हमला किया जिसके बाद दोनों दलों के समर्थकों के बीच झड़प हो गई है। डायमंड हार्बर से सांसद बनर्जी ने दावा किया कि यह हमला उनकी जान लेने की साजिश के तहत किया गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि घटना से पहले लगातार दो दिन तक उनके कार्यालय और आवास पर नजर रखी गई। उन्होंने कहा कि झड़प में उनके कई समर्थक गंभीर रूप से घायल हो गए।
बनर्जी ने X पर पोस्ट में एक वीडियो शेयर करते हुए लिखा, ‘‘लगातार दो दिन तक रैकी करने के बाद भाजपा के गुंडों ने देर रात दो बजे मेरे आवास पर हमला किया। फुटेज देखें और खुद फैसला करें। अगर एक निर्वाचित सांसद के साथ ऐसा हो सकता है, तो पश्चिम बंगाल में आम आदमी की दुर्दशा की कल्पना कीजिए।"
क्या है पूरा मामला?
आरोप हैं कि पहले कथित BJP समर्थकों ने बनर्जी के कालीघाट स्थित आवास के बाहर 'चोर-चोर' के नारे लगाए, जहां ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस खेमे के कार्यकर्ता शनिवार को अभिषेक के जन्मदिन से पहले इसके आयोजन के संबंध में इकट्ठा हुए थे। नारों के बाद दोनों पक्षों के बीच जवाबी नारेबाजी, तीखी बहस और झड़प शुरू हो गई, जिसमें मारपीट, पथराव और तोड़फोड़ के आरोप भी लगाए गए हैं। बनर्जी हमले में कथित रूप से घायल पार्टी कार्यकर्ताओं से मिलने रात में अपने आवास से बाहर निकले। उन्होंने आरोप लगाया कि हमलावरों ने कांटेदार छड़ियों से हमला किया और पार्टी के स्थानीय कार्यालय में तोड़फोड़ की।
अभिषेक बनर्जी के मुताबिक, उनके जन्मदिन समारोह के दौरान देर रात उनके आवास के बाहर विवाद शुरू हुआ। बताया गया कि रात करीब 2 बजे कुछ लोगों ने किसी को 'चोर' कहकर नारेबाजी की, जिसके बाद दोनों राजनीतिक दलों के समर्थकों के बीच टकराव हो गया। अभिषेक बनर्जी ने आरोप लगाया कि हमले में उनके पार्टी सहयोगी तपस को गंभीर चोट आई है।
उनके अंगूठे के पास का हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने बताया कि केवल टांके लगाने से काम नहीं चलेगा और प्लास्टिक सर्जरी की जरूरत पड़ सकती है। इसके अलावा, एक अन्य व्यक्ति की आंख के नीचे की हड्डी में फ्रैक्चर होने का भी दावा किया गया है। अभिषेक के मुताबिक, हमलावरों ने ईंटों और पत्थरों से हमला किया और यह सब पुलिस की मौजूदगी में हुआ।
'6 महीने में मेरी जान लेने की 7वीं कोशिश'
उन्होंने दावा किया कि उनके चार-पांच समर्थक गंभीर रूप से घायल हो गए जिसमें एक की प्लास्टिक सर्जरी करानी होगी और दूसरे को फ्रेक्चर आया है। बनर्जी ने यह आरोप भी लगाया कि पुलिसकर्मी मौके पर मौजूद होने के बावजूद हमले को नहीं रोक पाए। बनर्जी ने पुलिस और न्यायपालिका पर अपने ऊपर बार-बार हमलों की कोशिश के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाया। डायमंड हार्बर से सांसद बनर्जी ने दावा किया कि यह "पिछले छह महीनों में मेरी जान लेने का सातवां प्रयास था। फिर भी, कोई पुलिस कार्रवाई नहीं हुई और कोई न्यायिक हस्तक्षेप नहीं हुआ।" उन्होंने आरोप लगाया, "गुंडे पूरे राज्य में दंगे कर रहे हैं क्योंकि न्यायपालिका आंखें मूंदे हुए है। मूक दर्शक बने रहने के लिए धन्यवाद, माई लॉर्ड्स!"
BJP का पलटवार
हालांकि,बीजेपी ने उनके इन आरोपों को खारिज कर दिया और तृणमूल कांग्रेस समर्थकों पर टकराव के लिए उकसाने का आरोप लगाया। पश्चिम बंगाल के पंचायत और ग्रामीण विकास मंत्री दिलीप घोष ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि "जब सत्ता हाथ से चली जाती है, तो ऐसे आरोप लगाना आम बात है।" कोलकाता पुलिस ने कहा कि दोनों गुटों के बीच हंगामा हुआ था, जिसके बाद पुलिस टीम को हस्तक्षेप करना पड़ा। एक पुलिस अधिकारी ने घटना की विस्तृत जानकारी दिए बिना बताया कि मामले की जांच चल रही है।
After two days of continuous recce, this is how BJP hooligans attacked my house at 2 AM today. Watch the footage and see for yourself.
If this is what can happen to an elected Member of Parliament, imagine the plight of the common man in WB. This is the seventh attempt on my life in the last six months. Yet, there has been no police action and no judicial intervention. Hooligans are running riot across the state because the judiciary continues to turn a blind eye. Thank you, Milords, for remaining mute spectators! — Abhishek Banerjee (@abhishekaitc) November 7, 2026
बंगाल बीजेपी नेता दिलीप घोष ने इस पूरे घटनाक्रम को नाटक करार दिया। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि पहली बार किसी नेता का जन्मदिन फुटपाथ पर मनाते हुए देखा जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर अभिषेक बनर्जी को मारने का समय किसके पास है? घोष के मुताबिक, लोगों को गुमराह करने के लिए भावनात्मक बयानबाजी की जा रही है। फिलहाल इस पूरे मामले में अभिषेक बनर्जी के आरोपों और बीजेपी की प्रतिक्रिया के बीच राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है।
'अभिषेक के आवास पर हमला पूर्व नियोजित, सुप्रीम कोर्ट का रुख करेंगे'
पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को आरोप लगाया कि तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के आवास पर हमला पूर्व नियोजित था। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी और पुलिस पर विपक्षी गठबंधन 'इंडिया' का समर्थन करने के कारण उनकी पार्टी को निशाना बनाने का आरोप लगाया। आधी रात को कथित हमले के बाद अभिषेक के आवास के लिए रवाना हुईं ममता ने कहा कि वह कानून-व्यवस्था की बदहाली और डराने-धमकाने की घटनाओं को लेकर सुप्रीम कोर्ट का रुख करेंगी।
उन्होंने आरोप लगाया, "रात दो या तीन बजे भाजपा के गुंडे पुलिस के साथ मिलकर लोगों के घरों पर हमला कर रहे हैं। आप गुंडों को साथ लाकर आधी रात को लोगों के घरों पर हमला क्यों कर रहे हैं?" ममता ने BJP विरोधी समर्थकों, खासकर महिलाओं से सामने आकर अपनी आवाज उठाने की अपील की। उन्होंने लोगों से कथित उत्पीड़न और डराने-धमकाने की घटनाओं के खिलाफ आवाज उठाने का आग्रह किया।
ममता ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिसकर्मी उनके कालीघाट स्थित आवास और पाटुआपाड़ा इलाके की ओर जाने वाली गली को अवरुद्ध कर रहे हैं, जिससे काली पूजा की तैयारियां प्रभावित हो रही हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू कर लोगों को अपने काम करने से रोका जा रहा है। ममता ने कहा, "हमारे घर में पूजा हो रही है। काम करना है, लेकिन पुलिस गली को बाधित कर रही है। यह पाटुआपाड़ा है, जहां देवियों की मूर्तियां बनाई जाती हैं। आप लोगों को उनका काम करने से क्यों रोक रहे हैं?"
ममता ने अपने कालीघाट स्थित आवास के पास बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों की तैनाती किए जाने पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि इन पाबंदियों के पीछे राजनीतिक मंशा है। इनका उद्देश्य काली पूजा तथा दिवाली के उत्सवों में बाधा डालना है। उन्होंने BJP पर राजनीतिक विरोधियों को निशाना बनाने और लोगों को परेशान करने के लिए धनबल तथा पुलिस तंत्र का इस्तेमाल करने का भी आरोप लगाया। साथ ही उन्होंने पुलिसकर्मियों से निष्पक्ष रहने की अपील की।
#WATCH | Kolkata: Former West Bengal CM Mamata Banerjee says, "...There is complete hooliganism going on. People show up here at 2:00 or 3:00 in the morning... If you have the courage to use a bulldozer, why do you come here at 3:00 in the morning with a gang of thugs to attack a Kali Puja celebration?.. We are carrying out party-related work here, and you are coming to disrupt it."