नई दिल्ली। दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट (IGI) की सालाना पैसेंजर कैपेसिटी अगले चार साल में 10.4 करोड़ से बढ़ाकर 12.5 करोड़ से ज्यादा करने की तैयारी है। इसमें इंटरनेशनल पैसेंजर को संभालने की क्षमता 50 फीसदी से ज्यादा बढ़ाई जाएगी। इसके लिए T3 पर नया इंटरनेशनल Pier E बनाया जाएगा। वहीं T1 में बिना बड़े स्ट्रक्चरल बदलाव के चेक-इन और सिक्योरिटी काउंटर बढ़ाए जाएंगे। इंटरनेशनल ट्रैफिक बढ़ने को देखते हुए T3 के Pier C को भी घरेलू से इंटरनेशनल ऑपरेशन के लिए बदला गया है। इसे सितंबर 2026 से चरणबद्ध तरीके से शुरू किया गया और इसके बाद इंटरनेशनल पैसेंजर कैपेसिटी करीब 3.1 करोड़ सालाना हो गई है। यहां इमिग्रेशन और दूसरी इंटरनेशनल सुविधाएं बढ़ाई गई हैं, जिससे बड़े और वाइड-बॉडी विमानों को संभालने में भी मदद मिलेगी।
