कर्नाटक। बेंगलुरु में एक पूर्व IT कर्मचारी के ऑटो चलाने का वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है। पिता के निधन के बाद उन्होंने कॉरपोरेट नौकरी छोड़कर ऐसा काम चुना, जिसमें वे अपनी मां के साथ ज्यादा समय बिता सकें। रैपिडो ऑटो चलाने वाली इस महिला ने अपने नए काम, परिवार के फैसले और कमाई को लेकर भी बात की है।
महिला ने बताया कि IT कंपनी में नाइट शिफ्ट के कारण वह अपनी मां के साथ पर्याप्त समय नहीं बिता पा रही थीं। पिता के निधन के बाद उन्हें लगा कि परिवार के साथ रहना ज्यादा जरूरी है। इसी वजह से उन्होंने अपनी नौकरी छोड़कर करियर बदलने का फैसला किया।
कोई काम छोटा या बड़ा नहीं होता
नए काम को लेकर महिला का कहना है कि ऑटो चलाना कोई बुरा काम नहीं है। उन्होंने बताया कि इस काम में उन्हें IT की नौकरी के मुकाबले ज्यादा कमाई हो रही है। साथ ही, अपने काम को लेकर उन्हें ज्यादा आजादी भी मिलती है।
शुरुआत में परिवार ने भी किया विरोध
महिला ने बताया कि जब उन्होंने IT की नौकरी छोड़ने का फैसला किया तो पहले उनका परिवार भी इसके पक्ष में नहीं था। लोगों की सोच और सवालों के बावजूद उन्होंने अपना फैसला नहीं बदला और रैपिडो (Rapido) के साथ ऑटो चलाना शुरू किया।
अब जब पैसेंजर उन्हें ऑटो चलाते हुए देखते हैं और अंग्रेजी बोलते हुए सुनते हैं तो हैरान रह जाते हैं। लेकिन महिला का कहना है कि उन्हें अब लोगों की परवाह नहीं, उन्हें अपनी आजादी मिल गई है।