गुजरात के बड़े टेक्सटाइल और डायमंड हब सूरत में काम कर रहे लाखों की संख्या में प्रवासी मजदूर में हाल के समय में बड़ा और अहम ट्रेंड देखने को मिल रहा है। उत्तर प्रदेश और बिहार के यह प्रवासी कामगार अपने गृह नगर वापस लौट रहे हैं। स्थानीय खबरों में इसे ‘गांव चलो आंदोलन’ कहा जा रहा है। रेलवे प्लेटफॉर्म पर माइग्रेंट वर्कर्स की भीड़ और एम्ब्रॉयडरी और टेक्सटाइल यूनिट्स से वर्कर्स के जाने की खबरों में बड़े पैमाने पर पलायन का दावा किया जा रहा है। कुछ खबरों का कहना है कि इसमें 10 लाख तक वर्कर्स शामिल हो सकते हैं।
