Indian Railways Expansion: देश के रेल यात्रियों और खासकर छत्तीसगढ़ के निवासियों के लिए भारतीय रेलवे की ओर से एक बड़ी और खुशखबरी सामने आई है। रेल बुनियादी ढांचे का विस्तार करते हुए छत्तीसगढ़ राज्य के लिए कई नए रेलवे प्रोजेक्ट्स, नई रेल लाइनों, दो नए कॉरिडोर और कम से कम 100 अतिरिक्त ट्रेनों के संचालन की क्षमता तैयार करने का बड़ा ऐलान किया गया है। हमारी सहयोगी वेबसाइट सीएनबीसी टीवी 18 की रिपोर्ट के मुताबिक केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मौजूदगी में इन महत्वपूर्ण रेल परियोजनाओं और सेवाओं का उद्घाटन व शिलान्यास किया गया। इस दौरान रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम में शामिल हुए।
छत्तीसगढ़ को मिलेंगी 100 नई ट्रेनें, नए रेल कॉरिडोर का ऐलान
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि स्वीकृत रेल बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के पूरा होने के बाद राज्य में कम से कम 100 अतिरिक्त ट्रेनें चलाने की क्षमता पैदा होगी। इस विस्तार योजना के तहत दो नए रेल कॉरिडोर को मंजूरी दी गई है। पहला कॉरिडोर खरसिया से नया रायपुर होते हुए परमलकसा तक बनेगा। दूसरा कॉरिडोर कटघोरा से डोंगरगढ़ को जोड़ेगा। ये नए कॉरिडोर मौजूदा झारसुगुड़ा-बिलासपुर-गोंदिया रूट के उत्तर और दक्षिण दिशा की कनेक्टिविटी को और अधिक मजबूत करेंगे। इससे यात्री ट्रेनों के साथ-साथ मालगाड़ियों की आवाजाही क्षमता भी बढ़ेगी।
मुख्य रूटों पर बिछेंगी तीसरी और चौथी रेल लाइनें
रेल नेटवर्क की क्षमता बढ़ाने और ट्रेनों की आवाजाही को सुचारू बनाने के लिए प्रमुख रूटों पर अतिरिक्त लाइनें बिछाने को मंजूरी दी गई है। मध्य प्रदेश के कटनी और शहडोल को छत्तीसगढ़ के पेंड्रा रोड से जोड़ने वाली चौथी रेलवे लाइन कटनी-शहडोल से पेंड्रा रोड को मंजूरी दी गई है। पेंड्रा रोड से बिलासपुर के बिजी रूट पर तीसरी रेलवे लाइन बनेगी। चांपा और कोरबा के बीच भी तीसरी रेलवे लाइन बिछाई जाएगी।
आजादी के बाद पहली बार रावघाट तक पहुंची ट्रेन, ताड़ोकी-रावघाट लाइन का उद्घाटन
दक्षिण छत्तीसगढ़ के सुदूर और ग्रामीण इलाकों को रेल नेटवर्क से जोड़ने के लिए ताड़ोकी-रावघाट ब्रॉड-गेज लाइन का आधिकारिक उद्घाटन किया गया। इसके साथ ही रावघाट और राज्य की राजधानी रायपुर के बीच नई पैसेंजर ट्रेन सेवा की शुरुआत भी कर दी गई। रेल मंत्री ने बताया कि अब तक रायपुर का रेल संपर्क भिलाई, बालोद और दल्ली राजहरा तक ही था। नई लाइन के चालू होने से यह नेटवर्क दल्ली राजहरा से आगे बढ़कर रावघाट तक पहुंच गया है। आजादी के बाद पहली बार रावघाट में किसी ट्रेन का पहुंचना इस पूरे क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक मील का पत्थर है। इससे उत्तर बस्तर कांकेर जिले समेत आसपास के इलाकों के लोगों को सीधे रायपुर तक के लिए सीधी ट्रेन सुविधा मिलेगी।
गेज परिवर्तन के बाद रायपुर-कुरुद पैसेंजर सेवा शुरू, धमतरी तक होगा विस्तार
मार्ग पर गॉज कंवर्जन और नए ट्रैक बिछाने के काम के बाद रायपुर से कुरुद के बीच भी पैसेंजर ट्रेन सेवा शुरू कर दी गई है। यह लाइन रायपुर से अभनपुर होते हुए कुरुद तक जाती है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने जानकारी दी कि आने वाले समय में इस ट्रेन सेवा का विस्तार धमतरी तक करने का प्रस्ताव है। इससे रायपुर और आसपास के इलाकों के निवासियों को यात्रा का एक और बेहतर और सुविधाजनक विकल्प मिल गया है।
रायपुर में बनेगा इलेक्ट्रिक लोकोमोटिव मेंटेनेंस स्टेशन
राज्य में लगातार बढ़ते रेल नेटवर्क और भविष्य में चलने वाली नई ट्रेनों के रख-रखाव को ध्यान में रखते हुए रायपुर में एक इलेक्ट्रिक लोकोमोटिव मेंटेनेंस फैसिलिटी की आधारशिला भी रखी गई। यह डिपो या मेंटेनेंस सेंटर नेटवर्क के विस्तार के साथ-साथ ट्रेनों के सुचारू संचालन में तकनीकी मदद देगा।