करवा चौथ (Karwa Chauth) का व्रत सुहागिन महिलाओं के लिए खास माना जाता है। इस दिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना के लिए व्रत रखती हैं। इस साल करवा चौथ की तारीख को लेकर कुछ लोगों के मन में सवाल है कि व्रत 28 अक्टूबर को रखा जाएगा या 29 अक्टूबर को। इसलिए व्रत रखने से पहले सही तारीख, पूजा का समय और चांद निकलने का समय जानना जरूरी है।
कब रखा जाएगा करवा चौथ का व्रत?
इस साल करवा चौथ का व्रत 29 अक्टूबर 2026, गुरुवार को रखा जाएगा। 28 अक्टूबर को करवा चौथ नहीं है। यह व्रत कार्तिक महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को रखा जाता है।
करवा चौथ की सही तिथि और शुभ मुहूर्त
व्रत और पूजा की तैयारी करने वाली महिलाएं नीचे दिए गए समय का ध्यान रख सकती हैं:
• चतुर्थी तिथि शुरू: 29 अक्टूबर को सुबह 1:06 बजे
• चतुर्थी तिथि समाप्त: 29 अक्टूबर को रात 10:09 बजे
• पूजा का शुभ मुहूर्त: शाम 5:38 बजे से 6:56 बजे तक
• व्रत की अवधि: सुबह 6:31 बजे से रात 8:17 बजे तक
करवा चौथ पर महिलाएं चांद देखने के बाद ही व्रत खोलती हैं। अलग-अलग शहरों में चंद्रोदय का समय अलग हो सकता है। इसलिए अपने शहर के अनुसार चंद्रोदय का समय जरूर देख लें। मौसम खराब होने पर चांद दिखाई देने में भी परेशानी हो सकती है।
इस दिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र और खुशहाल शादीशुदा जिंदगी के लिए व्रत रखती हैं। कई महिलाएं इस दिन निर्जला व्रत रखती हैं, यानी व्रत के दौरान पानी भी नहीं पीती हैं। इस दिन भगवान शिव, माता पार्वती, भगवान गणेश, करवा माता और चंद्रदेव की पूजा की जाती है। रात में चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद पति के हाथों से जल ग्रहण करके व्रत खोला जाता है।
ध्यान दें: पूजा के समय और चंद्रोदय में शहर के अनुसार अंतर हो सकता है। व्रत रखने से पहले स्थानीय पंचांग से समय की पुष्टि कर लें। धार्मिक तिथियों और पूजा के समय को लेकर अलग-अलग पंचांगों में थोड़ा अंतर संभव है।