नई दिल्ली। अगर आप कम पूंजी में कोई बिजनेस शुरू करने की सोच रहे हैं, तो फ्लेक्स प्रिंटिंग का काम आपके लिए बेस्ट ऑप्शन हो सकता है। डिजिटल के जमाने में भी दुकानों, स्कूल, कोचिंग सेंटर, अस्पताल और इवेंट्स के लिए बैनर, पोस्टर और फ्लेक्स की डिमांड खत्म नहीं हुई है।
लोकल 18 के रिपोर्टर कैलाश कुमार गोपे के मुताबिक, बोकारो के पेटरवार में पिछले 5 साल से ब्रदर फ्लेक्स प्रिंटिंग चला रहे लकी बताते हैं कि इस बिजनेस को बिना मशीन के भी शुरू किया जा सकता है।
बिना मशीन के कैसे शुरू करें? - सिर्फ 30 हजार में
शुरुआत में आपको महंगी प्रिंटिंग मशीन खरीदने की जरूरत नहीं है।
काम का तरीका सिंपल है - कस्टमर से ऑर्डर लो, डिजाइन बनाओ और किसी बड़ी प्रिंटिंग कंपनी से प्रिंट करवा कर कस्टमर को दे दो। बीच का मार्जिन आपका प्रॉफिट। इसके लिए 30 हजार रुपये की शुरुआती पूंजी काफी है।
अपना सेटअप लगाना है तो कितना खर्चा?
अगर आप आउटसोर्सिंग से आगे बढ़कर खुद का सेटअप लगाना चाहते हैं तो खर्चा बढ़ेगा।
छोटे लेवल पर: 5 से 6 लाख रुपये में एक छोटी मशीन, कंप्यूटर, इन्वर्टर का सेटअप लग जाएगा।
प्रोफेशनल लेवल पर: बड़े लेवल पर बिजनेस के लिए 20 लाख रुपये तक का निवेश लगता है। इसमें हाई-स्पीड मशीन, AC, स्टाफ सब शामिल है।
इस बिजनेस में आमतौर पर 25 से 30% तक का प्रॉफिट मार्जिन होता है। कमाई ऑर्डर की संख्या और साइज पर डिपेंड करती है।
अगर आपका 20 लाख वाला सेटअप है और रेगुलर ऑर्डर मिल रहे हैं, तो हर महीने 1.5 से 2 लाख रुपये तक की कमाई आराम से हो सकती है।
इस बिजनेस में कस्टमर की कमी नहीं है। स्कूल, कोचिंग इंस्टिट्यूट, हॉस्पिटल, सरकारी दफ्तर, लोकल दुकानें, नेता, बर्थडे और शादी जैसे इवेंट्स - हर जगह फ्लेक्स की जरूरत पड़ती है।
मशीन खरीदने से पहले इन बातों का ध्यान रखें
दिल्ली, गुजरात और महाराष्ट्र मशीन खरीदने के लिए बड़े बाजार हैं। मशीन लेने से पहले उसकी प्रिंटिंग कैपेसिटी, सर्विस, वारंटी, स्पेयर पार्ट्स और मेंटेनेंस का खर्च जरूर चेक करें, नहीं तो बाद में परेशानी होगी।