UP electricity bill: उत्तर प्रदेश में बिजली उपभोक्ताओं के लिए अक्टूबर का महीना बड़ी राहत लेकर आ रहा है। राज्य के लाखों बिजली उपभोक्ताओं को अक्टूबर के बिजली बिल में 5.24% कम भुगतान करना होगा। उत्तर प्रदेश पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (UPPCL) ने इस महीने के लिए फ्यूल एंड पावर परचेज एडजस्टमेंट सरचार्ज (FPPAS) -5.24% कैलकुलेट किया है।
इस छूट से उपभोक्ताओं को 424.45 करोड़ रुपये, या लगभग 425 करोड़ रुपये की बचत होगी, जबकि अक्टूबर में बिजली बिल का अनुमान 8,097.76 रुपये करोड़ था। यूपीपीसीएल की नियामक मामलों की इकाई ने 29 सितंबर 2026 को यह आदेश जारी किया था। यह आंकड़ा जुलाई 2026 से बिजली खरीदने और वितरण की लागत पर आधारित है। यूपीपीसीएल ने उस महीने 16,407.07 मिलियन यूनिट बिजली खरीदी थी। इसकी औसत लागत ₹4.69 प्रति यूनिट थी, जबकि स्वीकृत लागत ₹4.94 प्रति यूनिट थी। इस कम लागत के कारण नेगेटिव एडजस्टमेंट हुआ।
26 मार्च 2025 को नोटिफाई किए गए यूपीईआरसी (मल्टी ईयर टैरिफ फॉर डिस्ट्रीब्यूशन) रेगुलेशन, 2025 के तहत, एफपीपीएएस का लागत कॉस्ट पेमेंट होने के तीन महीने बाद लिया जाता है। इसलिए जुलाई की लागत का बिल अक्टूबर में भेजा जाता है। दिलचस्प बात यह है कि अक्टूबर लगातार चौथा महीना है जब एफपीपीएएस ने उपभोक्ताओं के बिल कम किए हैं। इससे पहले जुलाई में 4.43%, अगस्त में 2.92% और सितंबर में 7.93% की छूट दी गई थी।
उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के प्रेसिडेंट अवधेश कुमार वर्मा ने इस फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि यह राहत कम बिजली खरीदने की लागत और एफपीपीएएस तंत्र के निष्पक्ष, नियम आधारित एप्लीकेशन को दिखाती है।