Vande Bharat Sleeper train: यूपी को मिलेगी पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन! जानिए स्टॉपेज, रूट, किराया और टाइमिंग समेत सबकुछ

Vande Bharat Sleeper train: देश की दूसरी स्लीपर वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन का संचालन उत्तर प्रदेश में 31 अक्टूबर से शुरू होने जा रहा है। इस ट्रेन के शुरू होने से लंबी दूरी का सफर पहले के मुकाबले अधिक आरामदायक हो सकता है। यह ट्रेन यूपी की धार्मिक नगरी वाराणसी और देश की राजधानी नई दिल्ली के बीच चलेगी। इसके रास्ते में प्रयागराज, कानपुर सेंट्रल और अलीगढ़ जैसे प्रमुख स्टेशनों पर भी इसका ठहराव होगा

अपडेटेड Oct 23, 2026 पर 8:32 AM
  • Follow Us On Google
  • Add as a Preferred Source on Google
Vande Bharat Sleeper train: दिल्ली-वाराणसी वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस ट्रेन 31 अक्तूबर से शुरू हो सकती है

UP Vande Bharat Sleeper train: भारतीय रेलवे में सफर करने वाले उत्तर प्रदेश के यात्रियों के लिए बड़ी खबर है। देश की दूसरी स्लीपर वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन का संचालन यूपी में 31 अक्टूबर से शुरू होने जा रहा है। इस ट्रेन के शुरू होने से लंबी दूरी का सफर पहले के मुकाबले अधिक आरामदायक हो सकता है। यह ट्रेन यूपी की धार्मिक नगरी वाराणसी और देश की राजधानी नई दिल्ली के बीच चलेगी। इसके रास्ते में प्रयागराज, कानपुर सेंट्रल और अलीगढ़ जैसे प्रमुख स्टेशनों पर भी इसका ठहराव होगा। इस नई सेवा से खास तौर पर उन यात्रियों को फायदा मिलने की उम्मीद है, जो रात में सफर करते हुए सोने की सुविधा चाहते हैं।

31 अक्टूबर को वाराणसी से होगा शुभारंभ

'अमर उजाला' की एक रिपोर्ट के मुताबिक, वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस ट्रेन का शुभारंभ 31 अक्टूबर को वाराणसी में एक विशेष कार्यक्रम के दौरान किया जाएगा। इस मौके पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के मौजूद रहने की संभावना जताई गई है। कार्यक्रम में ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जा सकता है। इस ट्रेन को लंबी दूरी की यात्रा को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। स्लीपर कोच होने के कारण यात्री रातभर आराम करते हुए अपनी मंजिल तक पहुंच सकेंगे। आधुनिक सुविधाओं से लैस यह ट्रेन रेलवे की प्रीमियम सेवाओं में एक नया विकल्प पेश करेगी।


काशी से दिल्ली के बीच होगा संचालन

रिपोर्ट में दी गई जानकारी के अनुसार, ट्रेन वाराणसी से चलकर प्रयागराज, कानपुर सेंट्रल और अलीगढ़ होते हुए नई दिल्ली पहुंचेगी। वापसी में भी यह इन्हीं प्रमुख स्टेशनों के रास्ते वाराणसी लौटेगी। इस रूट पर चलने वाली ट्रेन से उत्तर प्रदेश के कई शहरों और राष्ट्रीय राजधानी के बीच संपर्क बेहतर होने की उम्मीद है। खासकर नौकरी, कारोबार, शिक्षा और अन्य जरूरी कामों के लिए यात्रा करने वाले लोगों को इससे सुविधा मिल सकती है।

जानें- ट्रेन की टाइमिंग

रिपोर्ट के अनुसार, ट्रेन की प्रस्तावित शेड्यूल इस प्रकार है:-

वाराणसी से नई दिल्ली की ओर का शेड्यूल

- ट्रेन संख्या: 27421

- वाराणसी से प्रस्थान: रात 8:50 बजे

- प्रयागराज पहुंचने का समय: रात 10:35 बजे

- प्रयागराज में ठहराव: 5 मिनट

- प्रयागराज से प्रस्थान: रात 10:40 बजे

- कानपुर सेंट्रल पहुंचने का समय: रात 12:20 बजे

- कानपुर से प्रस्थान: रात 12:45 बजे

- नई दिल्ली पहुंचने का समय: सुबह 6:55 बजे

नई दिल्ली से वाराणसी की ओर का शेड्यूल

- ट्रेन संख्या: 27422

- नई दिल्ली से प्रस्थान: रात 9:40 बजे

- अलीगढ़ में ठहराव: प्रस्तावित समय-सारिणी के अनुसार

- प्रयागराज पहुंचने का समय: सुबह 4:45 बजे

- प्रयागराज से प्रस्थान: सुबह 4:50 बजे

- वाराणसी पहुंचने का समय: सुबह 6:45 बजे

यात्रियों को क्या होगा फायदा?

  • स्लीपर वंदे भारत ट्रेन का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसमें लंबी दूरी की यात्रा के दौरान सोने की सुविधा मिलेगी। रात में सफर करने वाले यात्रियों को इससे आरामदायक विकल्प मिल सकता है। वाराणसी, प्रयागराज, कानपुर और दिल्ली के बीच यात्रा करने वाले लोगों के लिए यह सेवा उपयोगी साबित हो सकती है।
  • इसके अलावा, आधुनिक ट्रेन होने के कारण यात्रियों को बेहतर यात्रा अनुभव मिलने की उम्मीद है। हालांकि, किराया, सीटों की उपलब्धता और टिकट बुकिंग से संबंधित अंतिम जानकारी रेलवे की आधिकारिक घोषणा के आधार पर ही देखनी चाहिए।

रेलवे के लिए क्यों अहम है यह ट्रेन?

  • वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस ट्रेन को भारतीय रेलवे की लंबी दूरी की सेवाओं को आधुनिक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अब तक वंदे भारत ट्रेनों की पहचान मुख्य रूप से चेयर कार वाली दिन की यात्राओं से रही है। जबकि स्लीपर रातभर की लंबी यात्राओं के लिए तैयार किया गया है।
  • वाराणसी और नई दिल्ली जैसे व्यस्त रूट्स पर इस ट्रेन का संचालन यात्रियों को एक नया विकल्प दे सकता है। इससे रेलवे की प्रीमियम सेवाओं का दायरा बढ़ने और लंबी दूरी की यात्रा को अधिक सुविधाजनक बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है।

ये भी पढ़ें- Tibet Earthquake: तिब्बत में 7.0 तीव्रता के भीषण भूकंप से भारी तबाही! 16 लोगों की मौत, 32 घायल; 300 से ज्यादा मकान ढहे

हिंदी में शेयर बाजार,  स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।