Bajaj Finance share: बजाज फाइनेंस के शेयरों में आज 3 फरवरी को जमकर खरीदारी देखी गई। यह स्टॉक BSE पर 5.28 फीसदी की बढ़त के साथ 8423.80 रुपये के भाव पर बंद हुआ है। कंपनी ने FY25 की दिसंबर तिमाही में शानदार नतीजे जारी किए हैं। इसके अलावा, बजट के बाद कंजप्शन बढ़ने और RBI द्वारा ब्याज दरों में कटौती की उम्मीदों के बीच निवेशक इस शेयर में जमकर दांव लगा रहे हैं। आज की तेजी के साथ कंपनी का मार्केट कैप बढ़कर 5.21 लाख करोड़ रुपये हो गया है। स्टॉक का 52-वीक हाई 8,440 रुपये और 52-वीक लो 6,190 रुपये है।
इस हफ्ते के अंत में होने वाली MPC की बैठक में रिजर्व बैंक द्वारा ब्याज दरों में कटौती की मजबूत संभावना है। मनीकंट्रोल पोल में 25bps की कटौती की उम्मीद जताई गई है। एक्सपर्ट्स ने सुझाव दिया है कि भारत में बेंचमार्क ब्याज दर 2025 में 50-75 बेसिस पॉइंट (bps) तक घट सकती है। बजट में इनकम टैक्स में राहत से कंजप्शन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। ब्याज दरों में कटौती से इस उम्मीद को और मजबूती मिलेगी।
Bajaj Finance पर ब्रोकरेज की राय
एक्सिस सिक्योरिटीज ने 30 जनवरी को इस शेयर पर अपनी Buy रेटिंग को बनाए रखा। ब्रोकरेज ने मजबूत नतीजों और विकास की संभावनाओं के आधार पर 9050 रुपये प्रति शेयर का टारगेट रखा। एक्सिस सिक्योरिटीज ने कहा कि उसे कलेक्शन में कुछ सुधार दिखाई देता है, और जिन सेक्टरों में दबाव था, वहां डिफॉल्ट की गति धीरे-धीरे कम हो सकती है। इसके अलावा, कंपनी को उम्मीद है कि क्रेडिट कॉस्ट भी धीरे-धीरे घटेगी। मोतीलाल ओसवाल ने 8300 रुपये प्रति शेयर के टारगेट के साथ अपनी न्यूट्रल रेटिंग दोहराई है।
Bajaj Finance के तिमाही नतीजे
अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 18 फीसदी बढ़ गया है। कंपनी ने इस अवधि में 4,308 करोड़ रुपये का मुनाफा कमाया है। यह एनालिस्ट्स के अनुमान से अधिक है। कंपनी को दिसंबर तिमाही में एसेट अंडर मैनेजमेंट (AUM) में मजबूत बढ़ोतरी से सपोर्ट मिला।
दिसंबर तिमाही में बजाज फाइनेंस की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) Q3 FY24 में 7655 करोड़ रुपये से 23 फीसदी बढ़कर 9382 करोड़ रुपये हो गई। इस मजबूत प्रदर्शन को एसेट अंडर मैनेजमेंट (AUM) में जोरदार बढ़ोतरी का सपोर्ट मिला, जो 31 दिसंबर 2024 तक 28 फीसदी बढ़कर 3.98 लाख करोड़ रुपये हो गया, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह 3.11 लाख करोड़ रुपये था।
एसेट क्वालिटी की बात करें तो बजाज फाइनेंस का ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (GNPA) 31 दिसंबर 2024 तक बढ़कर 1.12 फीसदी हो गया, जो एक साल पहले 0.95 फीसदी था। इसी तरह, नेट NPA 0.37 फीसदी से बढ़कर 0.48 फीसदी हो गया। स्टेज 3 एसेट्स पर प्रोविजनिंग कवरेज रेश्यो 57 फीसदी रहा। Q3 FY25 में लोन लॉस के लिए प्रोविजन काफी बढ़कर ₹2043 करोड़ हो गए, जो पिछले साल ₹1,248 करोड़ थे। वित्तीय संपत्तियों के औसत पर लोन लॉस और प्रोविजन 2.16 फीसदी रहे।
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