नई दिल्ली: भारत की 18 वर्षीय स्क्वैश खिलाड़ी अनाहत सिंह (Anahat Singh) ने सिलिकॉन वैली ओपन (Silicon Valley Open) 2026 में बड़ा उलटफेर करते हुए मिस्र की आठ बार की विश्व चैंपियन नूर अल शेरबिनी (Nour El Sherbini) को हरा दिया। अमेरिका के रेडवुड सिटी में खेले गए इस मुकाबले में विश्व रैंकिंग में 15वें नंबर की अनाहत ने तीसरे नंबर की खिलाड़ी को सीधे गेम में मात दी। इस जीत के साथ उन्होंने अपने पेशेवर करियर की सबसे बड़ी जीत दर्ज की और टूर्नामेंट के क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली।
मैच में अनाहत ने दिखाई ये शानदार परफॉर्मेंस
अनाहत ने शुरुआत से ही अच्छा खेल दिखाया और नूर को वापसी का ज्यादा मौका नहीं दिया। उन्होंने लगातार तीन गेम जीतकर मुकाबला 3-0 से अपने नाम कर लिया।
टूर्नामेंट: सिलिकॉन वैली ओपन 2026
मैच का समय: सिर्फ 30 मिनट
मैच का स्कोर: 11-8, 11-8, 11-7
नतीजा: अनाहत क्वार्टर फाइनल में पहुंचीं
इनामी राशि: 1,43,500 अमेरिकी डॉलर
इससे पहले अनाहत ने शुरुआती दौर में मिस्र की नूर अबुलमाकारिम को भी 3-0 से हराया था। उस मुकाबले में उन्होंने 11-8, 11-8, 12-10 से जीत दर्ज की थी।
अगले मुकाबले में सलमा हनी से भिड़ेंगी अनाहत
नूर अल शेरबिनी स्क्वैश की बड़ी खिलाड़ियों में से एक दुनिया की नंबर एक खिलाड़ी रह चुकी हैं। अनाहत ने बताया कि वह बचपन से ही नूर के मैच देखती आई हैं। ऐसे में अपने आदर्श खिलाड़ी को हराना उनके लिए खास बात है।
इस जीत के बाद अनाहत सिंह ने सिलिकॉन वैली ओपन के क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली है। अब उनका मुकाबला मिस्र की खिलाड़ी सलमा हनी से होगा, जो विश्व रैंकिंग में 14वें नंबर पर हैं। अनाहत यह मैच जीतकर सेमीफाइनल में पहुंचना चाहेंगी।
कम उम्र में अनाहत ने हासिल कीं कई बड़ी उपलब्धियां
13 मार्च 2008 को नई दिल्ली में जन्मीं अनाहत ने कम उम्र में ही स्क्वैश में अपनी अलग पहचान बना ली है। वह 2023 में पेशेवर खिलाड़ी बनी थीं और अब तक कई PSA खिताब जीत चुकी हैं।
विश्व जूनियर चैंपियन: 2026 में भारत की पहली विश्व जूनियर चैंपियन बनीं।
एशियाई खेलों में पदक: 2026 एशियाई खेलों में महिला एकल वर्ग में रजत पदक जीता।
विश्व रैंकिंग: दुनिया की शीर्ष 15 खिलाड़ियों में जगह बनाई।
ट्रेनिंग: पूर्व विश्व नंबर 1 ग्रेगरी गॉल्टियर, सौरव घोषाल और स्टीफन गैलिफी से मार्गदर्शन मिला।
अनाहत की इस जीत से भारतीय स्क्वैश को भी नई पहचान मिली है। स्क्वैश लॉस एंजिल्स 2028 ओलंपिक में पहली बार शामिल होने जा रहा है। ऐसे में अनाहत जैसी युवा खिलाड़ी का बड़े अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट में दिग्गज खिलाड़ियों को हराना भारत के लिए अच्छी खबर है।