मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच ईरान ने वैश्विक समुद्री व्यापार के लिए सबसे महत्वपूर्ण रूट्स में से एक स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज को फिर से खोलने के संकेत दिए हैं। समाचार एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक एक सीनियर ईरानी अधिकारी ने बताया कि अगर अमेरिका सैन्य दबाव कम करता है और ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी हटाता है, तो ईरान सात दिनों के भीतर स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज को फिर से खोल सकता है। ईरान का यह बयान ऐसे समय में आया है जब संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) का सत्र न्यू यॉर्क में आयोजित हो रहा है और इस कूटनीतिक मंच के जरिए अमेरिका के साथ बातचीत के रास्ते तलाशने की कोशिशें की जा रही हैं।
तनाव कम करने के लिए ईरान की 2 मुख्य शर्तें
ईरानी अधिकारी ने स्पष्ट किया कि वाशिंगटन के साथ स्थिति को सामान्य करने के लिए अमेरिका को ठोस कदम उठाने होंगे। ईरान की ओर से मुख्य रूप से दो प्रमुख मांगें रखी गई हैं। पहला अमेरिका को ईरानी बंदरगाहों पर लगाई गई अपनी नाकेबंदी को तुरंत हटाने को कहा गया है। साथ ही अमेरिका को इस इलाके में सैन्य दबाव को कम करना होगा।
ईरान ने अगली शर्त रखी है कि अमेरिका को आधिकारिक रूप से यह घोषणा करनी होगी कि वह इस मुद्दे को कूटनीतिक तरीके से हल करना चाहता है। इसके बाद पूरी प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए एक समय सीमा पर सहमति बनाने को भी कहा गया है।
ईरानी अधिकारी ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र महासभा का यह सत्र अमेरिका के लिए कूटनीति की ओर लौटने का एक सुनहरा अवसर है और अगर वाशिंगटन ठोस कदम उठाता है, तो तेहरान इसका स्वागत करेगा।
अमेरिकी सैन्य अभियान की तैयारियों पर ईरान की चेतावनी
इससे पहले रविवार को ईरान के सैन्य केंद्रीय कमान ने कहा था कि उन्हें जानकारी मिली है कि अमेरिका क्षेत्रीय देशों के समर्थन से सैन्य अभियानों को फिर से शुरू करने की तैयारी कर रहा है। इस पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए ईरानी कमान ने चेतावनी दी थी कि अगर अमेरिका ऐसा कोई कदम उठाता है तो तेहरान बिना किसी सीमा और विचार के जवाबी कार्रवाई करेगा।
ट्रंप से नहीं मिलेंगे पेजेशकियन!
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन मंगलवार सुबह तेहरान से न्यू यॉर्क के लिए रवाना हुए हैं। हालांकि, वरिष्ठ ईरानी अधिकारी ने स्पष्ट किया कि राष्ट्रपति पेजेशकियन न्यू यॉर्क स्थित संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप से मुलाकात नहीं करेंगे। इसके बजाय वाशिंगटन के साथ दुश्मनी समाप्त करने के समझौते के विवरण पर मध्यस्थों के जरिए चर्चा की जा सकती है। अधिकारी ने खुलासा किया कि तेहरान ने 16 सितंबर को ही मध्यस्थों के जरिए अपना प्रस्ताव अमेरिका को भेज दिया था। न्यू यॉर्क में मौजूद संयुक्त राष्ट्र महासभा में ईरानी प्रतिनिधिमंडल के पास अमेरिका के साथ कूटनीति को फिर से शुरू करने के पूरे अधिकार दिए गए हैं।