Cyclone Arnab: बंगाल की खाड़ी से उठे अत्यंत गंभीर चक्रवाती तूफान अर्णब ने आखिरकार 28 अक्टूबर की सुबह आंध्र प्रदेश के तट पर भीषण तबाही मचाते हुए लैंडफॉल प्रक्रिया को पूरा कर लिया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक चक्रवात अर्णब 125 से 135 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार और 150 किमी/घंटे की गति वाले विनाशकारी झोंकों के साथ यनम के दक्षिण-पश्चिम में बापटला और विशाखापत्तनम के बीच टकराया। लैंडफॉल के बाद अब यह तूफान उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा की ओर बढ़ रहा है और धीरे-धीरे कमजोर हो रहा है।
हालांकि इसके असर और एक्टिव पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के संयुक्त असर से 29 और 30 अक्टूबर को दिल्ली-एनसीआर, पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और राजस्थान समेत देश के कई राज्यों में आंधी, ओलावृष्टि और मूसलाधार बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
यनम के पास पूरा हुआ अर्णब का लैंडफॉल, अब ऐसा है तूफान का रूट
मौसम विभाग के बुलेटिन के मुताबिक चक्रवात अर्णब की लैंडफॉल प्रक्रिया पूरी तरह संपन्न हो गई। अगले 48 घंटों में इसके उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ने की संभावना है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक यह तूफान अगले 6 घंटों के भीतर चक्रवाती तूफान और उसके बाद के 6 घंटों में 'डीप डिप्रेशन' में तब्दील होकर कमजोर पड़ जाएगा। हालांकि लैंडफॉल के कारण तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में पिछले 24 घंटों में 21 सेंटीमीटर से अधिक की अत्यंत भारी वर्षा दर्ज की गई है।
दिल्ली-एनसीआर, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान में ओलावृष्टि व तूफानी हवाओं की चेतावनी
उत्तर-पश्चिम भारत में चक्रवात के बचे हुए असर और पश्चिमी विक्षोभ के टकराने से मौसम काफी आक्रामक होने वाला है। 29 और 30 अक्टूबर को दिल्ली, चंडीगढ़, हरियाणा और पंजाब में कई स्थानों पर व्यापक बारिश होगी। इस दौरान 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलेंगी, जिनके झोंके 70 किमी/घंटे तक पहुंच सकते हैं। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि IMD ने 29 और 30 अक्टूबर के दौरान पंजाब, हरियाणा और दिल्ली-एनसीआर के अलग-अलग हिस्सों में ओलावृष्टि की सख्त चेतावनी दी है।
पूर्वी राजस्थान में 29 अक्टूबर को तेज हवाओं के साथ बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट जारी किया गया है। 29 से 30 अक्टूबर के दौरान पश्चिमी राजस्थान में भी 30 से 50 किमी/घंटे की गति से हवाएं चलेंगी। पूर्वी उत्तर प्रदेश में 29 अक्टूबर को अत्यंत भारी से बहुत भारी वर्षा और 30 अक्टूबर को भारी बारिश की संभावना है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी 29 और 30 तारीख को गरज-चमक के साथ 40 से 60 किमी/घंटे की तेज हवाएं और बारिश दर्ज होगी।
ओडिशा, छत्तीसगढ़, बिहार और झारखंड में अत्यंत भारी बारिश का तांडव
पूर्वी और मध्य भारत के राज्यों में चक्रवात का प्रभाव अभी खत्म नहीं हुआ है। 28 अक्टूबर को छत्तीसगढ़ में अलग-अलग स्थानों पर अत्यंत भारी वर्षा दर्ज की जाएगी और 50 से 70 किमी/घंटे की गति से थंडरस्क्वाल हवाएं चलेंगी। 29 अक्टूबर को भी यहां बहुत भारी बारिश का अनुमान है। 28 अक्टूबर को ओडिशा में अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी है। 29 अक्टूबर को भी राज्य के विभिन्न हिस्सों में बहुत भारी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा।
झारखंड में 28 और 29 अक्टूबर को 50 से 70 किमी/घंटे की तूफानी हवाएं चलेंगी और 29 अक्टूबर को बहुत भारी बारिश होगी। बिहार में 29 और 30 अक्टूबर को भारी से बहुत भारी वर्षा और 40-60 किमी/घंटे की गति से तेज हवाएं चलने का पूर्वानुमान है। पूर्वी मध्य प्रदेश में 28 अक्टूबर को भारी और 29 अक्टूबर को बहुत भारी वर्षा दर्ज होगी। विदर्भ में 28 अक्टूबर को बहुत भारी बारिश की संभावना है।