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वाराणसी में महिलाओं को नवरात्रि ने दिया इनकम का एक बढ़िया सोर्स, पूजा कॉम्बो पैक से हर महीने कमा रहीं 20000 रुपये

शक्ति उपासना के महापर्व नवरात्रि को काशी की महिलाओं ने रोजगार का साधन बनाया है। वाराणसी में संचालित 65 प्रेरणा मार्ट के माध्यम से महिलाएं 'पूजा कॉम्बो पैक' तैयार कर अच्छी कमाई कर रही हैं। इस कॉम्बो पैक में चुनरी, रोली, चंदन, सिंदूर, धूप, कपूर, कलावा, हवन सामग्री सहित अन्य चीजें भी शामिल हैं।

MoneyControl Newsअपडेटेड Oct 12, 2026 पर 10:12 AM
वाराणसी में महिलाओं को नवरात्रि ने दिया इनकम का एक बढ़िया सोर्स, पूजा कॉम्बो पैक से हर महीने कमा रहीं 20000 रुपये
वाराणसी में संचालित 65 प्रेरणा मार्ट के माध्यम से महिलाएं अच्छी खासी कमाई कर आत्मनिर्भर बन रही हैं।

नवरात्रि में मां दुर्गा की आराधना के लिए स्वयं सहायता समूह की महिलाएं 'पूजा कॉम्बो पैक' तैयार कर मोटी कमाई कर रही हैं। इस कॉम्बो पैक में मां दुर्गा की चुनरी से लेकर हवन-पूजन की सभी जरूरी सामग्री एक पैकेट में उपलब्ध है। वाराणसी में संचालित 65 प्रेरणा मार्ट के माध्यम से इन उत्पादों को सीधा ग्राहकों तक पहुंचाया जाता है। इससे महिलाओं को स्थानीय स्तर पर उनके समानों के लिए बड़ा बाजार मिल रहा है और वो अच्छी खासी कमाई कर आत्मनिर्भर बन पा रही है।

इस कॉम्बो पैक में चुनरी, रोली, चंदन, सिंदूर, अक्षत, धूप, अगरबत्ती, कपूर, कलावा और हवन सामग्री सहित पूजा में इस्तेमाल होने वाली अन्य चीजें भी शामिल हैं। माहेश्वरी स्वयं सहायता समूह से जुड़ी निहारिका देवी ने बताया की नवरात्रि में इस कॉम्बो पूजा पैक की अच्छी डिमांड भी है। इस कॉम्बो पैक के अलावा श्रद्धालु अपनी जरूरत के हिसाब से इन सामग्रियों को अलग-अलग भी खरीद सकते हैं। उनके छोटे बड़े पैक भी उपलब्ध हैं। नवरात्रि के बाद अब ये महिलाएं धनतेरस और दीपवाली पूजा स्पेशल पैक बनाने की तैयारी भी कर रही हैं।

प्रेरणा मार्ट से मिल रहा बाजार

स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को उनके नवरात्रि स्पेशल पूजा कॉम्बो पैक के लिए प्रेरणा मार्ट के जरिए बाजार मिल रहा है। उपायुक्त स्वतः रोजगार पवन कुमार सिंह ने बताया कि वाराणसी जिले के आठ ब्लॉक में कुल 64 प्रेरणा मार्ट संचालित हो रहे हैं। इसके अलावा जिला मुख्यालय पर भी एक प्रेरणा मार्ट है। इन केंद्रों से समूह की महिलाओं के उत्पादों को बाजार मिल रहा है। जिससे वो हर दिन अच्छी कमाई भी कर पा रही है। साथ ही, इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सीधा फायदा भी मिल रहा है। घर के काम काज तक सिमित महिलाएं अब समूह से जुड़कर उद्यमी बन रही हैं।

हो रही अच्छी कमाई

माहेश्वरी स्वयं सहायता समूह से जुड़ी निहारिका देवी ने बताया की पहले हम घर के कामकाज तक ही सीमित रहते थे, लेकिन स्वयं सहायता समूह से जुड़ने के बाद अब हम अच्छी कमाई कर घर चलाने में अपना योगदान भी दे रहे हैं। साथ ही, हमें हर रोज कुछ न कुछ नया करने का अवसर भी मिल रहा है। योगी सरकार भी समूह की महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। हमारे बनाए उत्पादों को बाजार भी मिल रहा है और हम महीने का 15 से 20 हजार रूपये तक कमा पा रहे हैं।

वाराणसी से अभिषेक जायसवाल की रिपोर्ट

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