जापान के सॉफ्टबैंक ग्रुप कॉरपोरेशन ( SoftBank Group Corp) की विजन फंड (Vision Fund) इनवेस्टमेंट इकाई को 1 अरब डॉलर से भी ज्यादा का मुनाफा हुआ है। पिछली छह तिमाहियों में पहली बार इस फंड को मुनाफा हुआ है। हाई ग्रोथ टेक्नोलॉजी कंपनियों की वैल्यूएशंस में बढ़ोतरी की वजह से विजन फंड को यह प्रॉफिट हुआ। ब्याज दरों में बढ़ोतरी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते असर के बीच हाई ग्रोथ टेक्नोलॉजी कंपनियां विजन फंड की पहली पसंद हैं।
सॉफ्टबैंक अपने विजन फंड के जरिये हाई-ग्रोथ वाली टेक्नोलॉजी कंपनियों में निवेश करता है। जून 2023 तिमाही में कंपनी का प्रॉफिट 1.1 अरब डॉलर (159 अरब येन) रहा। हालांकि, इसी अवधि में सॉफ्टबैंक को 3.3 अरब डॉलर (477,616 अरब येन) का नुकसान हुआ।
सॉफ्टबैंक को लगातार तीसरी तिमाही में नुकसाान का सामना करना पड़ा है। नुकसान की मुख्य वजह अलीबाबा (Alibaba) समेत ग्रुप के पोर्टफोलियो से जुड़ी कुछ कंपनियों को हुआ नुकसान है। रॉयटर्स के पोल में एक्सपर्ट्स ने इस जापानी इनवेस्टमेंट कंपनी का नेट प्रॉफिट 75 अरब येन (52.5 करोड़ डॉलर) रहने का अनुमान जताया था।
ग्रुप की इनवेस्टमेंट इकाई में मुनाफा भारत के स्टार्टअप इकोसिस्टम के लिए भी अच्छी खबर हो सकती है, क्योंकि सॉफ्टबैंक ने पिछले 15 महीनों में भारत में कोई निवेश नहीं किया है। इस मुनाफे के बाद ग्रुप भारत में निवेश के विकल्प पर विचार कर सकता है। विजन फंड की दो इकाइयों के साथ जून तिमाही में सॉफ्टबैंक की लिस्टेड पोर्टफोलियो कंपनियों की वैल्यू 24.9 अरब डॉलर से बढ़कर 25.4 अरब डॉलर हो गई।
सॉफ्टबैंक भारत की स्टार्टअप फर्मों में निवेश करने वाली प्रमुख इकाई है। हालांकि, उसने पिछले 15 महीने से भारत में को भी डील नहीं की है। जापानी निवेश कंपनी पेटीएम (One97 Communications) और लेंसकार्ट (Lenskart) जैसी स्टार्टअप में स्टेक कम कर रही है। सॉफ्टबैंक फूड टेक कंपनी जोमैटो ( Zomato) में भी अपना स्टेक कम करने की तैयारी में है। मनीकंट्रोल ने इस सिलसिले में हाल में जोमैटो के शेयरों में काफी तेजी देखने को मिल रही है।