Bank of India Q2 results: बैंक ऑफ इंडिया ने आज 4 नवंबर को मौजूदा वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही के नतीजों की घोषणा कर दी है। जुलाई-सितंबर तिमाही में बैंक का नेट प्रॉफिट 52 फीसदी बढ़कर 1,458.43 करोड़ रुपये हो गया है। एक साल पहले की समान अवधि में पब्लिक सेक्टर बैंक ने 960 करोड़ रुपये का नेट प्रॉफिट कमाया था। बीते शुक्रवार को बैंक के शेयरों में 1.25 फीसदी की गिरावट आई है और यह स्टॉक 98.85 रुपये के भाव पर बंद हुआ है।
तिमाही के दौरान बैंक की एसेट क्वालिटी में तेजी से सुधार हुआ है। इसके साथ ही लेंडर का मार्जिन भी बढ़ा है। यही वजह है कि सितंबर तिमाही में नेट प्रॉफिट में उछाल देखने को मिला है। हालांकि तिमाही आधार पर मुनाफे में 6 फीसदी की गिरावट आई है।
तिमाही के दौरान लेंडर की एसेट क्वालिटी में तेजी से सुधार हुआ और ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट (NPA) रेश्यो 5.84 फीसदी रहा, जबकि पिछले वर्ष की समान अवधि में यह 8.51 फीसदी था। इसी तरह नेट एनपीए रेश्यो 30 सितंबर 2023 को गिरकर 1.54 फीसदी हो गया, जबकि एक साल पहले की अवधि में यह 1.92 फीसदी और एक तिमाही पहले की अवधि में 1.65 फीसदी था।
पूर्ण रूप से बैंक का ग्रॉस एनपीए 30 सितंबर 2023 को 31,719 करोड़ रुपये रहा, जबकि 30 जून 2023 को 34,582 करोड़ रुपये और 30 सितंबर 2022 को 42,014 करोड़ रुपये था। वहीं, जुलाई-सितंबर तिमाही में नेट एनपीए 7,978 करोड़ रुपये रहा, जो एक तिमाही पहले की अवधि में 8,119 करोड़ रुपये और एक साल पहले की अवधि में 8,836 करोड़ रुपये था।
जुलाई-सितंबर तिमाही में बैंक का नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) सालाना आधार पर 13 फीसदी बढ़कर 5,740 करोड़ रुपये हो गई, जबकि एक साल पहले की अवधि में यह 5,083 करोड़ रुपये थी। हालांकि, तिमाही आधार पर बैंक का NII 3 फीसदी गिर गया।
तिमाही में बैंक की इंटरेस्ट इनकम 14,971 करोड़ रुपये और इंटरेस्ट एक्सपेंडेड 9,231 करोड़ रुपये रहा। तिमाही में बैंक ऑफ इंडिया का नेट इंटरेस्ट मार्जिन 4 बीपीएस बढ़कर 3.08 फीसदी हो गया। एक साल पहले की अवधि में यह 3.04 फीसदी और एक तिमाही पहले की अवधि में 3.03 फीसदी थी।
ग्लोबल बिजनेस सितंबर 2022 में 11,41,356 करोड़ रुपये से सालाना आधार पर 9.25 फीसदी बढ़कर सितंबर 2023 में 12,46,879 करोड़ रुपये हो गया। ग्लोबल डिपॉजिट सितंबर 2022 में 6.5 लाख करोड़ रुपये से सालाना आधार पर 8.68 फीसदी बढ़कर सितंबर 2023 में 7.03 करोड़ रुपये हो गई।
ग्लोबल एडवांस सितंबर 2022 में 4.94 लाख करोड़ रुपये से सालाना आधार पर 10 प्रतिशत बढ़कर सितंबर 2023 में 5.43 लाख करोड़ रुपये हो गया। डोमेस्टिक डिपॉजिट सितंबर 2022 में 5.51 लाख करोड़ रुपये से सालाना आधार पर 8.61 फीसदी बढ़कर सितंबर 2023 में 5.99 लाख करोड़ रुपये हो गई।