इंडियन होटल्स कंपनी यानी आईएचसी को भी जल्द अपने कर्जों से राहत मिल सकती है। कंपनी ने ताज बॉस्टन की बिक्री प्रक्रिया पूरी कर ली है। ताज बॉस्टन की बिक्री साढ़े 12 करोड़ डॉलर में हुई है। आईएचसी के मुताबिक बिक्री से मिली राशि का इस्तेमाल बकाया चुकाने के लिए होगा।
आईएचसी ने साल 2006 में ताज बॉस्टन को खरीदा था। हालांकि ग्लोबल मंदी की वजह से इस प्रॉपर्टी का प्रदर्शन काफी ठंडा पड़ गया था। साल 2015-16 में ताज बॉस्टन का घाटा बढ़कर 730 लाख डॉलर पर पहुंच गया था। इस प्रॉपर्टी से होने वाली आय में भी इस साल करीब 1.25 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई थी। ऐसे में घाटे से बचने के लिए आईएचसी ने इसे बेच दिया है।