फॉक्सवैगन की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। ऐसी खबरें आ रही हैं कि कंपनी ने एमिशन नॉर्म्स को लेकर उसे 4 साल पहले मिली चेतावनी को नजरअंदाज किया था। इन वजहों से स्विस सरकार कंपनी की डीजल गाड़ियों पर प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रही है। इस प्रतिबंध के दायरे में ऑडी और स्कोडा जैसी गाड़ियां भी आएंगी। यही नहीं, फॉक्सवैगन के ही ब्रांड ऑडी ने माना है कि उसकी करीब 21 लाख गाड़ियां ऐसे सॉफ्टवेयर से लैस हैं, जो अमेरिकी एमिशन टेस्ट को धोखा दे सकते हैं।
इधर जर्मन जांच एजेंसियों ने इस मामले में कंपनी के पूर्व सीईओ मार्टिन विंटरकॉर्न की भूमिका की जांच शुरू कर दी है। फॉक्सवैगन ने पिछले हफ्ते कहा था कि एमिशन नॉर्म्स घोटाले का असर दुनिया भर में उसकी एक करोड़ से ज्यादा कारों पर पड़ेगा। जर्मन जांच एजेंसियों ने इस मामले में कंपनी के पूर्व सीईओ मार्टिन विंटरकॉर्न की भूमिका की जांच शुरू कर दी है। 2007 से लगातार कंपनी के सीईओ रहे विंटरकॉर्न ने पिछले बुधवार को एमिशन घोटाला सामने आने के बाद इस्तीफा दे दिया था।