दुनिया के सबसे बड़े और प्रतिष्ठित टेनिस टूर्नामेंट में से एक विंबल्डन ओपन (Wimbledon Open) 2023 में एक नया इतिहास बन गया है। दरअसल विंबलडन ओपन के वुमेन सिंगल फाइनल मैच में चेक रिपब्लिक की 24 वर्षीय खिलाड़ी मार्केटा वोंड्रोसोवा ने शानदार जीत दर्ज की है। मार्केटा वोंड्रोसोवा ने फाइनल मुकाबले में ट्यूनीशिया की ओंस जेब्यूर को हरा कर खिताब अपने नाम किया। इसके साथ ही वोंड्रोसोवा ने पहली बार इस प्रतिष्ठित ग्रैंडस्लैम की ट्रॉफी को अपने नाम किया है। साथ ही किसी भी ग्रैंड स्लैम में यह उनकी पहली जीत भी है।
सीधे सेटों में दर्ज की जीत
चेक रिपब्लिक की 24 वर्षीय खिलाड़ी मार्केटा वोंड्रोसोवा ने ट्यूनीशिया की ओंस जेब्यूर को 6-4, 6-4 के सीधे सेटों में हराया। वे विंबल्डन जीतने वाली चेक रिपब्लिक की तीसरी खिलाड़ी बन गई हैं। मैच के पहले सेट में ओंस जेब्यूर एक वक्त 3-2 से आगे चल रही थीं लेकिन वोंड्रोसोवा ने शानदार वापसी करते हुए सेट में 5-4 की बढ़त हासिल कर ली। इसके बाद उन्होंने 6-4 से सेट को अपने नाम किया। हालंकि दूसरे सेट में भी जेब्यूर की शुरुआत शानदार रही लेकिन इसे भी वोंड्रोसोवा 6-4 से जीत कर खिताब को अपने नाम किया।
फाइनल खेलने वाली पहली गैर वरीय खिलाड़ी
यह मैच कई मायनों में ऐतिहासिक भी रहा। वोंड्रोसोवा प्रतिष्ठित विंबलडन ओपन के फाइनल में पहुंचने वाली पहली महिला गैर वरीयता प्राप्त खिलाड़ी हैं। वहीं ओंस जेब्यूर लागातर दूसरी बार विंबल्डन का फाइनल खेल रही थीं। बता दें कि वोंड्रोसोवा दूसरी बार किसी ग्रैंड स्लैम के फाइनल में खेल रही थीं। इससे पहले साल 2019 में वे फ्रेंच ओपन का फाइनल खेलने भी उतरी थीं। पर लाल बजरी पर हुए मैच में उनको हार का सामना करना पड़ा था। वहीं ट्यूनीशिया की ओंस जेब्यूर तीसरी बार किसी ग्रैंड स्लैम के फाइनल में हिस्सा ले रही थीं। इससे पहले उन्होंने साल 2022 में विंबल्डन और यूएस ओपन के फाइनल में अपनी जगह बनाई थी।