IndiaFirst Life Insurance IPO : बैंक ऑफ बड़ौदा (Bank of Baroda) के समर्थन वाली कंपनी इंडियाफर्स्ट लाइफ इंश्योरेंस (IndiaFirst Life Insurance) के आईपीओ को मार्केट रेगुलेटर सेबी (SEBI) की मंजूरी मिल गई है। इस आईपीओ के तहत 500 करोड़ रुपये तक के फ्रेश शेयर जारी किये जायेंगे। इसके अलावा कंपनी के प्रमोटर और मौजूदा शेयरधारकों द्वारा 14.13 करोड़ शेयरों की बिक्री ऑफर फॉर सेल (OFS) के तहत की जाएगी। कंपनी आईपीओ से पहले 100 करोड़ रुपये तक के प्राइवेट प्लेसमेंट पर भी विचार कर सकती है। अगर ऐसा होता है तो फ्रेश इश्यू का आकार घट जायेगा।
ओएफएस के हिस्से के रूप में बैंक ऑफ बड़ौदा 8,90,15,734 शेयर बेचेगा जबकि यूनियन बैंक ऑफ इंडिया (UBI) द्वारा 1,30,56,415 शेयरों की बिक्री की जाएगी। इसके साथ ही, कार्मल पॉइंट इन्वेस्टमेंट्स इंडिया 3,92,27,273 शेयर बिक्री के लिए रखेगी।
बता दें कि बैंक ऑफ बड़ौदा भारत का तीसरा सबसे बड़ा पब्लिक सेक्टर बैंक है। इसकी कंपनी में 65 फीसदी हिस्सेदारी है। इसके बाद वारबर्ग पिंकस की इकाई कार्मल पॉइंट इन्वेस्टमेंट्स इंडिया की कंपनी में 26 फीसदी हिस्सेदारी है। वहीं यूबीआई के पास कंपनी के 9 फीसदी शेयर है।
बाजार नियामक सेबी ने मंगलवार को बताया कि कंपनी ने उसके पास पिछले साल अक्टूबर में आईपीओ दस्तावेज जमा कराये थे। कंपनी को 15 मार्च को सेबी का ‘निष्कर्ष’ मिला है।
यहां होगा फंड का इस्तेमाल
आईपीओ के ज़रिए मिलने वाली रकम में से 500 करोड़ रुपये का इस्तेमाल सॉल्वेंसी लेवल्स को सपोर्ट करने के लिए अपने कैपिटल बेस को बढ़ाने के लिए किया जाएगा। कंपनी ने जिसने पिछले साल अक्टूबर में सेबी के साथ आईपीओ दस्तावेज जमा किए थे। कंपनी को 15 मार्च को ऑब्जर्वेशन लेटर प्राप्त हुआ है। आईपीओ लाने से पहले किसी भी कंपनी के लिए ऑब्जर्वेशन लेटर हासिल करना जरूरी होता है।
ICICI सिक्योरिटीज, एंबिट, BNP परिबास, BOB कैपिटल मार्केट्स, HSBC सिक्योरिटीज एंड कैपिटल मार्केट्स (इंडिया), जेफरीज इंडिया और जेएम फाइनेंशियल इश्यू के बुक-रनिंग लीड मैनेजर हैं। कंपनी के शेयर BSE और NSE पर लिस्ट होंगे।