Sanstar IPO : अहमदाबाद स्थित कंपनी सैनस्टार (Sanstar) अपना आईपीओ लाने जा रही है। कंपनी ने इसके लिए मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास ड्राफ्ट पेपर दाखिल कर दिया है। सूत्रों ने मनीकंट्रोल को बताया कि कंपनी ऑफर के जरिए करीब 375-425 करोड़ रुपये जुटाना चाहती है। आईपीओ के तहत 4 करोड़ फ्रेश इक्विटी शेयर जारी किए जाएंगे। इसके अलावा, चौधरी फैमिली द्वारा 80 लाख शेयरों की बिक्री ऑफर फॉर सेल (OFS) के तहत की जाएगी।
कंपनी रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस दाखिल करने से पहले 40 लाख इक्विटी शेयरों तक के प्राइवेट प्लेसमेंट, राइट्स इश्यू या प्रेफरेंशियल इश्यू के माध्यम से फंड जुटाने पर भी विचार कर सकती है। अगर कंपनी प्री-आईपीओ प्लेसमेंट में फंड जुटाने में कामयाब हो जाती है, तो नए इश्यू का आकार कम हो जाएगा।
कहां होगा फंड का इस्तेमाल
कंपनी अपनी धुले फैसिलिटी के विस्तार पर 181.55 करोड़ रुपये खर्च करेगी और 100 करोड़ रुपये का कर्ज चुकाने जा रही है। 15 दिसंबर तक कंपनी की बकाया उधारी 120.52 करोड़ रुपये थी। शेष फंड को सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए अलग रखा जाएगा।
Sanstar फूड, एनिमल न्यूट्रिशन और अन्य इंडस्ट्रियल एप्लिकेशन के लिए प्लांट-बेस्ड स्पेशियलिटी प्रोडक्ट्स और इनग्रेडिएंट सॉल्यूशन बनाती है। 3.63 लाख टन प्रति वर्ष की स्थापित क्षमता के साथ सैनस्टार भारत में मक्का-बेस्ड स्पेशियलिटी प्रोडक्ट्स और इनग्रेडिएंट्स सॉल्यूशन बनाने वाली तीसरी सबसे बड़ी कंपनी है। इसकी महाराष्ट्र के धुले और गुजरात के कच्छ में दो मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी हैं।
Sanstar ने मार्च FY23 को समाप्त वर्ष में 40.74 करोड़ रुपये का नेट प्रॉफिट दर्ज किया, जो पिछले वर्ष में 15.92 करोड़ रुपये था। इस दौरान रेवेन्यू 504.4 करोड़ रुपये से बढ़कर 759.7 करोड़ रुपये हो गया। सितंबर FY24 को समाप्त 6 महीने की अवधि में इसने 375.4 करोड़ रुपये के रेवेन्यू पर 21.82 करोड़ रुपये का नेट प्रॉफिट दर्ज किया। पेंटोमैथ कैपिटल एडवाइजर्स इस इश्यू के मर्चेंट बैंकर हैं।