ITC Stock Crash: 10% क्रैश हुआ ITC का स्टॉक, इन म्यूचुअल फंड्स के साथ LIC को बड़ा झटका
ITC Stock Crash: सिगरेट पर नई एक्साइज ड्यूटी के बाद ITC का शेयर 10% तक टूट गया। गिरावट से SBI, LIC और Parag Parikh समेत कई बड़े म्यूचुअल फंड्स प्रभावित हुए। LIC को भी बड़ा झटका लगा। स्टॉक ने 2020 के बाद पहला निगेटिव साल रहा। जानिए डिटेल।
1 जनवरी 2026, गुरुवार को ITC का शेयर 9.71 प्रतिशत टूटकर ₹363.85 पर बंद हुआ।
ITC Stock Crash: सरकार की ओर से सिगरेट पर नई एक्साइज ड्यूटी लगाने के बाद 1 जनवरी को ITC के शेयरों में तेज गिरावट देखने को मिली। अगले महीने से लागू होने वाली इस ड्यूटी की खबर से निवेशकों में चिंता बढ़ी और शेयर करीब 10 प्रतिशत टूटकर ₹362.70 तक आ गया। इस गिरावट का असर उन म्यूचुअल फंड हाउस और संस्थागत निवेशकों पर भी पड़ सकता है, जिनकी कंपनी में बड़ी हिस्सेदारी है।
कारोबार के दौरान ITC का शेयर ₹402.70 के उच्च स्तर से फिसलकर ₹362.70 के निचले स्तर तक पहुंच गया। NSE पर शेयरों में भारी वॉल्यूम देखने को मिला, जो यह संकेत देता है कि बाजार में बिकवाली का दबाव काफी मजबूत रहा।
ITC में प्रमोटर नहीं, म्यूचुअल फंड्स की बड़ी हिस्सेदारी
जुलाई सितंबर 2025 तिमाही के अंत तक ITC की 100 प्रतिशत हिस्सेदारी पब्लिक शेयरहोल्डर्स के पास थी। कंपनी में कोई प्रमोटर या प्रमोटर ग्रुप नहीं है। पब्लिक शेयरहोल्डर्स में म्यूचुअल फंड्स की अहम भूमिका रही है।
ITC में कुल 46 म्यूचुअल फंड्स की हिस्सेदारी करीब 14.30 प्रतिशत रही। इनमें SBI Mutual Fund सबसे बड़ा निवेशक रहा, जिसकी हिस्सेदारी 3.26 प्रतिशत थी। इसके बाद ICICI Prudential Mutual Fund की 2.28 प्रतिशत हिस्सेदारी रही।
इसके अलावा Nippon Life India, UTI, Parag Parikh Flexi Cap और Mirae Asset जैसे फंड्स की हिस्सेदारी 1.06 से 1.36 प्रतिशत के बीच रही।
LIC और इंश्योरेंस कंपनियों की मौजूदगी
इंश्योरेंस सेक्टर से Life Insurance Corporation of India ITC की सबसे बड़ी इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर रही। इसके पास 15.86 प्रतिशत हिस्सेदारी थी। इसके अलावा General Insurance Corporation of India के पास 1.73 प्रतिशत और New India Assurance Company के पास करीब 1.4 प्रतिशत स्टेक रहा।
विदेशी निवेशकों का भी ITC पर भरोसा
विदेशी निवेशकों में Tobacco Manufacturers (India) Limited की हिस्सेदारी सबसे ज्यादा 17.79 प्रतिशत रही। वहीं GQG Partners के Emerging Markets Equity Fund के पास सितंबर 2025 के अंत तक ITC में 2 प्रतिशत से ज्यादा हिस्सेदारी थी।
GQG Partners का ITC पर नजरिया
GQG Partners के CIO Rajiv Jain पहले कह चुके हैं कि ITC एक मजबूत ग्रोथ स्टोरी है और मौजूदा वैल्यूएशन पर स्टॉक आकर्षक नजर आता है। जनवरी 2024 में हिस्सेदारी बढ़ाने के बाद उन्होंने कहा था कि करीब 23 गुना अर्निंग पर ITC का वैल्यूएशन काफी बेहतर है और कंपनी आगे भी लो-डबल डिजिट अर्निंग ग्रोथ दे सकती है।
आगे ITC के लिए क्या चुनौती
मार्केट एक्सपर्ट Siddharth Maurya का मानना है कि एक्साइज ड्यूटी में मौजूदा बढ़ोतरी सिगरेट बिजनेस के लिए शॉर्ट टर्म में बड़ा झटका है। टैक्स बढ़ने से मार्जिन पर दबाव आएगा और चूंकि ITC की कमाई का बड़ा हिस्सा तंबाकू कारोबार से जुड़ा है, इसलिए आने वाले समय में स्टॉक में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है।
शेयर का हालिया प्रदर्शन
1 जनवरी 2026, गुरुवार को ITC का शेयर 9.71 प्रतिशत टूटकर ₹363.85 पर बंद हुआ। साल 2025 के दौरान ITC के शेयरों में करीब 12 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जिससे यह 2020 के बाद पहला ऐसा साल बन गया, जब स्टॉक ने नेगेटिव रिटर्न दिया।
ITC के शेयर पिछले पांच दिनों में करीब 10 प्रतिशत और पिछले छह महीनों में लगभग 12 प्रतिशत टूट चुके हैं। फिलहाल स्टॉक का P/E रेशियो करीब 25 के आसपास है। कंपनी का मार्केट कैप लगभग ₹4.59 लाख करोड़ है।
गुरुवार की तेज गिरावट के बाद शेयर मार्च 2024 के स्तर पर वापस आ गया। इसके साथ ही यह आठ महीने से ज्यादा समय में एक ही दिन में दर्ज की गई सबसे बड़ी गिरावट भी मानी जा रही है।
Disclaimer:यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।