तमाम चुनौतियों के बावजूद पिछले डेढ़ साल में भारतीय इक्विटी मार्केट में जोरदार तेजी देखने को मिली है। बाजार लगातार हाई पर हाई लगा रहा है। सेंसेक्स ने 61,000 का लेवल पार कर लिया है। वहीं निफ्टी 18,000 के पार चला गया है। इसका श्रेय देश की सुधरती इकोनॉमी की स्थिति को जाता है।
एक्सपर्ट्स का मानना है कि हालांकि बाजार में आगे भी तेजी जारी रहने की पूरी उम्मीद है। लेकिन स्टॉक्स काफी ओवरबॉट नजर आ रहे हैं। और इनके वैल्यूएशन लॉन्ग टर्म एवरेज से ऊपर चले गए हैं। बाजार इस समय काफी ओवरहीटेड नजर आ रहा है। ऐसे में निवेशक एग्जिट बटन दबा कर कुछ मुनाफा अपनी जेब में रखना चाहते हैं।
यहां हम ऐसे मिड कैप शेयरों की सूची दे रहे हैं, जिनमें सितंबर तिमाही में म्यूचुअल फंडों ने बड़ी मात्रा में अपना निवेश घटाया है।
पिछले 1 साल के दौरान IRCTC में 377 फीसदी का जोरदार रिटर्न दिया है। अब इस शेयर से Aditya Birla SL PSU Equity, PGIM India Midcap Opportunities, Motilal Oswal Equity Hybrid, Nippon India Focused Equity and Mirae Asset Equity Savings Fund पूरी तरह से निकल गए हैं।
इस मीडिया स्टॉक में पिछले एक साल के दौरान सुस्त प्रदर्शन देखने को मिला है। इस अवधि में इस शेयर में सिर्फ 29 फीसदी की तेजी आई है। सितंबर में इस स्टॉक में आदित्य बिड़ला एसएल बैलेंस्ड एडवांटेज, कोटक बैलेंस्ड एडवांटेज, डीएसपी इक्विटी सेविंग्स ,क्वांट क्वांटामेंटल और पीजीआईएम इंडिया बैलेंस्ड एडवांटेज फंड ने अपनी हिस्सेदारी घटाई है। वहीं, एडलवाइस इक्विटी सेविंग्स, क्वांट लार्ज और मिडकैप,क्वांट ईएसजी इक्विटी, क्वांट ऑब्सोल्यूट और SBI बैलेंस्ड एडवांटेज फंड ने अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई है।
ये फार्मा शेयर मार्च 2020 के अपने लो से मल्टीबैगर साबित हुआ है। तब से अब तक इस शेयर में 300 फीसदी से ज्यादा की तेजी देखने को मिली है। सितंबर में इस स्टॉक से Canara Rob Equity Hybrid, Canara Rob Flexi Cap, DSP Healthcare और UTI Value Opp Fund पूरी तरह से निकल गए है। वहीं, इसी अवधि में Tata Quant Fund ने इस स्टॉक में नई खरीदारी की है।
पिछले 1 और 3 साल में इस स्टॉक का प्रदर्शन उम्मीद से कमजोर रहा है। इस अवधि में इसमें 4 और 9 फीसदी का रिटर्न देखने को मिला है। Petronet LNG उन 5 शेयरों में से एक रहा है जिनको सितंबर में Nifty next 50 और Nifty 100 इंडेक्स से हटाया गया है। इसके अलावा ICICI Pru Multi-Asset, Navi 3 in 1 और Nippon India Vision इस स्टॉक से पूरी तरह से विकल गए हैं। वहीं, Templeton India Equity Income और Taurus Ethical Fund ने इसमें अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई है।
सितंबर में Godrej Properties से DSP Equity Opportunities, L&T Large and Midcap, Taurus Ethical और Taurus Tax Shield Fund पूरी तरह से निकल गए हैं।
टाटा एलेक्सी एक मल्टीबैगर स्टॉक साबित हुआ है। इसने पिछले 3 साल में 550 फीसदी से ज्यादा का रिटर्न दिया है। सितंबर में इस स्टॉक में Taurus Discovery (Midcap), IDBI Small Cap, IDBI Hybrid Equity, Edelweiss Large Cap और Taurus Ethical Fund जैसी स्कीमों ने अपने निवेश में भारी कटौती की है।